1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. विदेशों में मजबूती के रुख से स्थानीय तेल-तिलहन कीमतों में सुधार

विदेशों में मजबूती के रुख से स्थानीय तेल-तिलहन कीमतों में सुधार

 Edited By: India TV Paisa Desk
 Published : Jul 03, 2021 06:01 pm IST,  Updated : Jul 03, 2021 06:01 pm IST

विदेशी बाजारों में मजबूती के रुख के बीच स्थानीय तेल-तिलहन बाजार में शनिवार को लगभग सभी तेल-तिलहनों के भाव में सुधार दर्ज हुआ।

 विदेशों में मजबूती के रुख से स्थानीय तेल-तिलहन कीमतों में सुधार - India TV Hindi
 विदेशों में मजबूती के रुख से स्थानीय तेल-तिलहन कीमतों में सुधार  Image Source : FILE

नयी दिल्ली: विदेशी बाजारों में मजबूती के रुख के बीच स्थानीय तेल-तिलहन बाजार में शनिवार को लगभग सभी तेल-तिलहनों के भाव में सुधार दर्ज हुआ। विदेशों में काफी समय के बाद एक दिन के अंदर सोयाबीन डीगम के भाव में 10 प्रतिशत की तेजी देखी गई जिससे सोयाबीन तेल, सरसों और पामोलीन सहित बाकी तेल लाभ के साथ बंद हुए। खाद्य तेलों के आयात शुल्क में कमी किये जाने के सरकार के कदम का लाभ ग्राहकों को मिलता नहीं दिख रहा। 

विदेशों में खाद्य तेलों के भाव चढ़ गये जिससे स्थानीय तेल-तिलहन बाजार में भी मजबूती का रुख बन गया। बाजार सूत्रों के अनुसार सरकार द्वारा आयात शुल्क में कटौती करने के बाद शुक्रवार की रात विदेशों में सोयाबीन डीगम का आयात भाव 1,168 डॉलर प्रति टन से बढ़ाकर 1,278 डॉलर प्रति टन कर दिया गया। देश में आयात शुल्क घटाने पर विदेशों में भाव नरम पड़ने के बजाय और बढ़ा दिये गये। इससे सोयाबीन के सभी तेलों की कीमतों में सुधार आया। सोयाबीन के तेल रहित खल (डीओसी) की स्थानीय मांग बढ़ने से सोयाबीन दाना और लूज के भाव भी लाभ के साथ बंद हुए। 

डीओसी की मांग बढ़ने से महाराष्ट्र के लातुर में सोयाबीन दाना के दाम 7,750 रुपये क्विन्टल से बढ़ाकर 7,850 रुपये क्विन्टल कर दिये गये। सूत्रों ने कहा कि पामोलीन के आयात पर लगे प्रतिबंध को हटाये जाने से स्थानीय तेल रिफाइनिंग कंपनियां बुरी तरह प्रभावित होंगी। साथ ही इससे स्थानीय किसानों की आय पर भी असर पड़ेंगा। सूत्रों ने कहा कि सोयाबीन में आई तेजी की वजह से सरसों में भी सुधार देखने को मिला जिसकी अपनी स्थानीय मांग भी है। सलोनी, आगरा और कोटा में सरसों दाना का भाव 7,650 रुपये क्विन्टल से बढ़ाकर 7,750 रुपये क्विन्टल कर दिया गया। सहकारी संस्था हाफेड ने हालांकि सरसों की खरीद के लिए निविदा मंगाई है। लेकिन सरसों की अगली पैदावार अधिक रहने की उम्मीदों को देखते हुए देश के लिए अच्छी किस्म के बीजों का इंतजाम रखना लाभप्रद रहेगा। 

उन्होंने कहा कि खुदरा बाजार में अच्छे ब्रांड के कच्ची घानी के सरसों का भाव अधिकतम 150-160 रुपये लीटर है। निर्यात के साथ साथ स्थानीय खपत मांग बढ़ने से मूंगफली तेल तिलहनों में सुधार आया। मांग निकलने से बिनौला भी लाभ के साथ बंद हुआ। बाजार में थोक भाव इस प्रकार रहे- (भाव- रुपये प्रति क्विंटल) सरसों तिलहन - 7,375 - 7,425 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये। मूंगफली दाना - 5,520 - 5,665 रुपये। 

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात)- 13,600 रुपये। मूंगफली साल्वेंट रिफाइंड तेल 2,100 - 2,230 रुपये प्रति टिन। सरसों तेल दादरी- 14,500 रुपये प्रति क्विंटल। सरसों पक्की घानी- 2,345 -2,395 रुपये प्रति टिन। सरसों कच्ची घानी- 2,445 - 2,555 रुपये प्रति टिन। तिल तेल मिल डिलिवरी - 15,000 - 17,500 रुपये। सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 14,100 रुपये। सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 13,700 रुपये। सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 12,800 रुपये। सीपीओ एक्स-कांडला- 10,460 रुपये। बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 13,200 रुपये। पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 12,400 रुपये। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा

oil