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  5. बजट 2020: पीएम मोदी की नीति आयोग में अहम बैठक आज, इन मुद्दों पर होगी चर्चा

बजट से पहले पीएम मोदी की नीति आयोग में बैठक आज, अर्थशास्त्रियों के साथ आर्थिक हालात पर करेंगे चर्चा

केंद्रीय बजट से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज नीति आयोग में अर्थशास्त्रियों और विशेषज्ञों के साथ बैठक करेंगे।

India TV Business Desk India TV Business Desk
Updated on: January 09, 2020 11:20 IST
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Pm Narendra Modi to chair meeting of experts at niti aayog on Today

नई दिल्ली। केंद्रीय बजट से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नीति आयोग में अर्थशास्त्रियों और विशेषज्ञों के साथ आर्थिक हालात पर बैठक करेंगे। आगामी आम बजट 2020-21 को देखते हुए बैठक में अर्थव्यवस्था में मंदी की स्थिति पर गंभीर चर्चा होने की उम्मीद है। साथ ही सूत्रों की मानें तो पीएम मोदी देश की अर्थव्यवस्था, जीडीपी ग्रोथ रेट और मौजूदा आर्थिक हालातों को लेकर चर्चा करेंगे।  

बता दें कि, मोदी सरकार वित्त वर्ष 2020-21 के लिए बजट प्रस्ताव तैयार करने में जुटी है, ऐसे में यह बैठक अहम है। आम बजट 1 फरवरी 2020 को पेश होना है।  बैठक में नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार, मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमिताभ कांत और अन्य सीनियर अधिकारी भाग लेंगे। 

आम बजट से पहले अर्थशास्त्रियों के साथ पीएम मोदी की ये मुलाकात काफी अहम मानी जा रही है। हाल में ही सरकार ने अर्थव्यवस्था को बूस्ट करने और स्लोडाउन को रोकने के लिए कई कदम उठाए। सरकार ने कॉरपोरेट टैक्स घटाने से लेकर आरबीआई ने मौद्रिक पैकेज भी ऑफर किया। अब ऐसी उम्मीद की जा रही है कि सरकार बजट में स्लोडाउन से निपटने के लिए और कदम उठा सकती है। 

दूसरा बजट पेश करेंगी निर्मला सीतारमण

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एक फरवरी 2020 को अपना दूसरा आम बजट पेश करेंगी, जिसमें देश की आर्थिक वृद्धि को फिर से पटरी पर लाने की बड़ी चुनौती होगी। चालू वित्त वर्ष की जुलाई-सितंबर तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि दर घटकर 4.5 प्रतिशत पर आ गई है जो इसका छह साल का निचला स्तर है। मोदी सरकार ने सितंबर, 2019 में सुस्त पड़ती अर्थव्यवस्था को रफ्तार देने के लिए कॉरपोरेट टैक्‍स में कटौती समेत कुछ अन्य उपायों की घोषणा की थी। जानकारों का मानना है कि कोई भी उपाय सीधे तौर पर उपभोक्ता मांग में आई कमी को दूर करने में नाकाम रहा। अर्थव्यवस्था को वापस पटरी पर लाने के लिए उपभोक्ता मांग बढ़ाना अहम है।

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