1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. Swiggy ने भी UPI सर्विस कर दी शुरू, जानें आपके लिए इस पहल का क्या है मतलब

Swiggy ने भी UPI सर्विस कर दी शुरू, जानें आपके लिए इस पहल का क्या है मतलब

 Published : Jul 05, 2024 09:11 am IST,  Updated : Jul 05, 2024 09:11 am IST

स्विगी की इस सेवा की शुरुआत ऐसे समय में शुरू हुई है जब ज़ोमैटो ने अपने फिनटेक प्ले को कम करते हुए पेमेंट एग्रीगेटर लाइसेंस को सरेंडर कर दिया है और नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) के लिए अपना एप्लीकेशन वापस ले लिया है।

एक नया ऑप्शन, यूपीआई प्लगइन, NPCI ने साल 2022 में लॉन्च किया था।- India TV Hindi
एक नया ऑप्शन, यूपीआई प्लगइन, NPCI ने साल 2022 में लॉन्च किया था। Image Source : FILE

ऑनलाइन फ़ूड और ग्रॉसरी डिलीवरी कंपनी स्विगी ने भी अपनी खुद की यूपीआई (यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफ़ेस) सेवा शुरू कर दी है। कंपनी ने यह पहल बाहरी ऐप पर निर्भरता कम करने, पेमेंट फेल होने को कम करने और चेकआउट एक्सपीरियंस को आसान बनाने को ध्यान में रखते हुए किया है। कंपनी यह सर्विस यस बैंक और जसपे के साथ पार्टनरशिप में यूपीआई-प्लगइन के ज़रिए लॉन्च किया है। बता दें, इससे पहले स्विगी की प्रतिद्वंद्वी ज़ोमैटो ने पिछले साल इसी सर्विस की पेशकश करने के लिए थर्ड पार्टी एप्लिकेशन प्रोवाइडर लाइसेंस के लिए आवेदन किया था।

सभी यूजर्स के लिए फेज वाइज होगी शुरुआत

खबर के मुताबिक, स्विगी की इस सेवा की शुरुआत ऐसे समय में शुरू हुई है जब ज़ोमैटो ने अपने फिनटेक प्ले को कम करते हुए पेमेंट एग्रीगेटर लाइसेंस को सरेंडर कर दिया है और नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) के लिए अपना एप्लीकेशन वापस ले लिया है। मनी कंट्रोल की खबर के मुताबिक, स्विगी पिछले महीने से अपने कर्मचारियों के लिए उत्पाद के साथ प्रयोग कर रही है और अगले कुछ महीनों में धीरे-धीरे अपने सभी यूजर्स के लिए प्रोडक्ट को फेज वाइज शुरू करेगी। बता दें, एक नया ऑप्शन, यूपीआई प्लगइन, नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने साल 2022 में लॉन्च किया था, जो व्यापारियों को अपने ऐप के भीतर यूपीआई पेमेंट सर्विस शुरू करने के लिए थर्ड पार्टी एप्लिकेशन प्रोवाइडर लाइसेंस प्राप्त करने की जरूरत को खत्म करता है।

पेमेंट फेल होने का बढ़ जाता है जोखिम

जब ग्राहकों को भुगतान करने के लिए किसी दूसरे ऐप पर जाना पड़ता है, तो पेमेंट फेल होने का जोखिम बढ़ जाता है, खासकर जब नेटवर्क कनेक्टिविटी अच्छी नहीं होती है। गूगल पे, फोनपे और पेटीएम जैसे पॉपुलर पेमेंट ऐप के अलावा, जोमैटो, फ्लिपकार्ट, गोआईबीबो, मेकमाईट्रिप, टाटा न्यू जैसे नॉन-पेमेंट प्लेटफ़ॉर्म ने इन-हाउस यूपीआई पेमेंट सेवा की पेशकश करने के लिए थर्ड पार्टी एप्लिकेशन प्रोवाइडर लाइसेंसिंग रूट अपनाया था।

रीडायरेक्शन की जरूरत खत्म करना है मकसद

ग्राहकों को इन-हाउस यूपीआई भुगतान विकल्प प्रदान करने का विचार भोजन या किराने का सामान ऑर्डर करते समय दूसरे ऐप पर रीडायरेक्ट करने की जरूरत को खत्म करना है, जैसा कि पिछले साल मई में जोमैटो ने पेश किया था। ग्राहकों को अपने स्विगी यूपीआई खाते का उपयोग करके सीधे अपने फूड बिलों का भुगतान करने का विकल्प मिलता है, जिससे पेमेंट डाउनटाइम भी कम होता है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा