1. You Are At:
  2. Hindi News
  3. पैसा
  4. ऑटो
  5. Uber ने इंटरनेशनल कंपनी Motional के साथ मिलकर Las Vegas में रोबोटेक्सी लॉन्च की है, जानिए इसके बारे में विस्तार से

Uber ने इंटरनेशनल कंपनी Motional के साथ मिलकर Las Vegas में रोबोटेक्सी लॉन्च की है, जानिए इसके बारे में विस्तार से

टेक्नोलॉजी बहुत तेजी से बढ़ रही है। अब खबर ये आई है कि ऊबर ने एक इंटरनेशनल कंपनी Motional के साथ मिलकर रोबोटेक्सी लॉन्च करने वाली है। ये टेक्सी लास वेगस में लॉन्च की जाएगी।

Sachin Chaturvedi Edited By: Sachin Chaturvedi @sachinbakul
Published on: December 09, 2022 18:32 IST
Uber- India TV Paisa
Photo:FILE Uber

तेजी बदलती और आगे बढ़ती टेक्नॉलजी इस दुनिया के सामने रोज कुछ न कुछ हैरतअंगेज सुविधा ला रही है। यूनाइटेड स्टेट्स की मशहूर कैब सर्विस कंपनी uber ने motional के साथ मिलकर भी ऐसा कुछ लाने की प्लानिंग बना ली है। रोबोटिक्स टेक्नॉलजी पर काम करने वाली motional कंपनी ने uber के साथ मिलकर लास वेगास में रोबोटैक्सी लॉन्च की है।

क्या होती है रोबोटैक्सी?

रोबोटैक्सी एक ऐसी कैब है जिसमें एक जगह से दूसरी जगह आने जाने के लिए किसी ड्राइवर की जरूरत नहीं होती। जी हाँ, अमेरिका में मैन-पावर की कमी को देखते हुए ये एक ट्रेंड चैन्जिंग टेक्नॉलजी हो सकती है। इस कैब में ड्राइवर की बजाए कैब खुद पैसेंजर रीसीव करने लोकेशन पर जाती है। पैसेंजर के साथ-साथ ubereats के लिए भी ये कैब इस्तेमाल में लाई जायेगी।

2020 से ही प्लान था रोबोटैक्सी का

Uber की माने तो वह आज से दो साल पहले ही इस ऑटोनॉमस टैक्सी को लाने का प्लान बना चुके थे पर गवर्नमेंट से इसके सेफ्टी फीचर्स और अन्य शंकाओं के चलते मंजूरी नहीं मिल रही थी। लेकिन अब ग्रीन सिग्नल मिलने के बाद Uber और motional ने 10 साल का कॉन्ट्रैक्ट किया है जिसमें कैब uber की होगी और उसमें ऑटोनॉमस टेक्नॉलजी motional की होगी।

कब शुरु होगी ये रोबोटैक्सी सर्विस?

लास वेगास, कैलिफोर्निया में रोबोटैक्सी शुरु हो चुकी है। यहां अभी पैसेंजर को फ्री राइड दी जा रही हैं और उनकी फीडबैक ली जा रही है। हालांकि अभी कैब में एक अटेंडेंट मौजूद है जो पैसेंजर को रिसीव कर रहा है। uber ने दावा किया है कि एक बार लोगों को आदत हो जाने पर पूरी तरह रोबाटिक कैब चलाई जाएंगी

क्या है रोबोटैक्सी का फायदा?

रोबोटैक्सी में सारा कंट्रोल AI बेस्ड सिस्टम का रहेगा। इसके कारण न पैसेंजर को किसी तरह की परेशानी का सामना करना होगा और न ही किसी किस्म के ट्रैफिक रूल्स का उल्लंघन होगा। यह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस किसी भी तरह के एक्सीडेंट से कैब को बचाने में सक्षम है। हर ट्रैफिक लाइट को फॉलो करने के लिए अड्वान्स है। हालांकि हेवी ट्रैफिक टाइम में यह कैब किस तरह काम करेगी और पैसेंजर या डेलीवेरी आइटम को स्केजूल टाइम पर किस तरह पहुंचाएगी, ये देखना मजेदार होगा।

क्या ये टेक्नॉलजी पूरी दुनिया के लिए है जरूरी?

भारत में औटोनॉमस टेक्नॉलजी का इस्तेमाल दिल्ली मेट्रो की कुछ खास अन्डरग्राउन्ड लाइंस पर प्रयोग हो रहा है। लेकिन बड़ी आबादी वाले देशों में इस तरह की टेक्नॉलजी बेरोजगारी को बढ़ावा दे सकती है। पर हम इस बात से इनकार भी नहीं कर सकते कि आर्टफिशल इन्टेलिजन्स के चलते गलतियां और दुर्घटना होने के कारण भी कम हो सकते हैं।

Latest Business News