Monday, February 16, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों के लिए आई राहत की खबर, 500 से अधिक दवाओं पर मिलेगी 50-80 फीसदी की छूट

गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों के लिए आई राहत की खबर, 500 से अधिक दवाओं पर मिलेगी 50-80 फीसदी की छूट

Edited By: Vikash Tiwary @ivikashtiwary Published : Jun 21, 2023 05:02 pm IST, Updated : Jun 21, 2023 05:02 pm IST

Medicines Discount: गंभीर बीमारी से परेशान मरीजों के लिए राहत की खबर आई है। MedPlus 500 से अधिक दवाओं पर छूट देने जा रही है।

Medicines- India TV Paisa
Photo:FILE Medicines

Serious Illness Medicine: भारत में अगर एक आम इंसान बीमार हो जाता है तो उसे इस बात की सबसे अधिक चिंता होने लगती है कि बीमारी का इलाज जल्दी नहीं हो पाया तो वह महंगे इलाज के चलते अपनी जान गवां सकता है। गंभीर बीमारी के लिए दवा खरीदने में कई बार लोगों के खेत और गहने तक बिक जाते हैं। ऐसे में ये खबर उन सभी मरीजों के लिए राहत भरी हो सकती है। फार्मेसी चेन चलाने वाली मेडप्लस हेल्थ सर्विसेज लिमिटेड पेटेंट फ्री 500 से ज्यादा मेडिकल एंड क्रॉनिक डिजीज(यानि लंबे समय तक चलने वाली गंभीर बीमारी) की दवाएं अपने ब्रांड के अंतर्गत 50 से 80 प्रतिशत की भारी छूट पर बेचेगी। कंपनी ने बुधवार को यह घोषणा की। मेडप्लस (MedPlus) के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) जी मधुकर रेड्डी ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि कंपनी ने ग्राहकों को लाभ पहुंचाने के लिए बिना पेटेंट की उच्च गुणवत्ता वाली दवाइयों के उत्पादन के लिए कई फेमस मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों के साथ करार किया है। 

कंपनी ने दी जानकारी

रेड्डी ने कहा कि मेडप्लस 500 से ज्यादा चिकित्सकीय और पुरानी बीमारियों की दवाओं पर शुरुआत में छूट प्रदान करेगी और बाद में अगले तीन महीनों में यह छूट 800 से ज्यादा उत्पादों पर प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि इन दवाओं में हाई ब्लड प्रेशर , मधुमेह और गुर्दे की बीमारियों के इलाज में इस्तेमाल की जाने वाली दवाएं शामिल होंगी। विस्तार योजनाओं के बारे में उन्होंने कहा कि कंपनी इस समय सात राज्यों में 4,000 स्टोर संचालित करती है। रेड्डी ने कहा कि मेडप्लस 2023-24 के दौरान 800-1,000 नई फार्मेसी खोलने की तैयारी कर रही है। इससे कंपनी के स्टोर की कुल संख्या लगभग 4,500 तक हो जाएगी। हैदराबाद की खुदरा श्रृंखला ने बीते वित्त वर्ष (2022-23) में 4,558 करोड़ रुपये का राजस्व कमाया था। 

सरकार ने हाल ही में तय किए थे रेट

बता दें कि हाल ही में केंद्र सरकार की राष्ट्रीय दवा मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (NPPA) ने मधुमेह और उच्च रक्तचाप के इलाज में इस्तेमाल होने वाली दवाओं समेत 23 औषधियों के खुदरा मूल्य तय कर दिए हैं। एनपीपीए ने 26 मई, 2023 को प्राधिकरण की 113वीं बैठक में लिए गए फैसलों के आधार पर दवा (मूल्य नियंत्रण) आदेश, 2013 के तहत ये खुदरा कीमतें तय की हैं। अधिसूचना के अनुसार, एनपीपीए ने मधुमेह की दवा 'ग्लिक्लाजाइड ईआर' और 'मेटफॉर्मिन हाइड्रोक्लोराइड' की एक गोली की कीमत 10.03 रुपये तय की है। इसी तरह टेल्मिसर्टन, क्लोर्थालिडोन और सिल्नीडिपाइन की एक गोली की खुदरा कीमत 13.17 रुपये होगी। दर्द निवारक दवा ट्रिप्सिन, ब्रोमेलैन, रुटोसाइड ट्राइहाइड्रेट और डाइक्लोफेनाक सोडियम की एक गोली की खुदरा कीमत 20.51 रुपये तय की गई है। एनपीपीए ने कहा कि उसने दवा (मूल्य नियंत्रण) आदेश 2013 (एनएलईएम 2022) के तहत 15 अधिसूचित फॉर्मूलेशन के अधिकतम मूल्य में भी संशोधन किया है। इसके अलावा दो अनुसूचित फॉर्मुलेशन की अधिकतम कीमत भी तय की गई है।

Latest Business News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा

Advertisement
Advertisement
Advertisement