FPIs withdraw Rs 7,712 crore from stocks in July so far
नयी दिल्ली। विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने जुलाई महीने में अभी तक भारतीय शेयर बाजारों से 7,712 करोड़ रुपये की निकासी की है। विश्लेषकों का कहना है कि बजट में ‘अत्यधिक अमीर’ पर कर की घोषणा के बाद एफपीआई ने यह निकासी की है।
इससे पिछले पांच महीनों से एफपीआई शेयरों में शुद्ध निवेशक बने हुए थे। डिपॉजिटरी के ताजा आंकड़ों के अनुसार एक से 19 जुलाई तक एफपीआई ने शेयरों से 7,712.12 करोड़ रुपये की निकासी की।
हालांकि, इस दौरान एफपीआई ने ऋण बाजार या बांड बाजार में 9,371.12 करोड़ रुपये का निवेश किया। इस तरह जुलाई में अब तक भारतीय पूंजी बाजार (शेयर और ऋण) में एफपीआई का शुद्ध निवेश 1,659 करोड़ रुपये रहा।
मॉर्निंगस्टार के वरिष्ठ विश्लेषक प्रबंधक (शोध) हिमांशु श्रीवास्तव ने कहा कि सरकार द्वारा 'सुपर रिच' कर की घोषणा के बाद से एफपीआई लगातार बिकवाली कर रहे हैं। सरकार की ओर से इस बारे में किसी तरह की राहत नहीं मिलती दिख रही है जिसकी वजह से उनकी निकासी बढ़ी है।
उन्होंने कहा कि इसके अलावा कंपनियों के कमजोर तिमाही नतीजों, जीडीपी वृद्धि की सुस्त रफ्तार, उम्मीद से कमजोर मानसून तथा एशियाई विकास बैंक द्वारा देश की वृद्धि दर के अनुमान को कम किए जाने से भी विदेशी निवेशक निवेश से कतरा रहे हैं।








































