1. You Are At:
  2. Hindi News
  3. पैसा
  4. मेरा पैसा
  5. आर्थिक तंगी में सहारा बनेगा PPF खाता, कम ब्‍याज पर ब‍ि‍ना गारंटी आसानी से लिया जा सकता है लोन

आर्थिक तंगी में सहारा बनेगा PPF खाता, कम ब्‍याज पर ब‍ि‍ना गारंटी आसानी से लिया जा सकता है लोन

आज हम आपको बताएंगे कि कितनी आसानी से आप अपने पीपीएफ अकाउंट के आधार पर बहुत कम ब्याज पर ऋण ले सकते हैं।

Sarabjeet Kaur Sarabjeet Kaur
Updated on: January 06, 2021 9:33 IST
Borrow Loan Against Ppf Account- India TV Paisa

Borrow Loan Against Ppf Account

नई दिल्‍ली। कोरोना वायरस महामारी के बीच पूरी दुनिया तेजी से आर्थिक मंदी की ओर बढ़ रही है। महामारी की वजह से पूरी दुनिया लॉकडाउन है, जिसकी वजह से  अर्थव्यवस्था पर बुरा असर पड़ने की वजह से लोगों के कारोबार ठप हो गए हैं, तो कुछ लोगों की नौकरियों पर संकट मंडरा रहा है। आर्थिक संकट के इस समय पब्लिक प्रोविंडेंट फंड खाता बहुत काम आता है। आज हम आपको बताएंगे कि कितनी आसानी से आप अपने पीपीएफ अकाउंट के आधार पर बहुत कम ब्‍याज पर ऋण कैसे ले सकते हैं।

ऐसे मिलेगा पीपीएफ में जमा राशी पर लोन

  • किसी भी आपातकालीन स्थिति में आपका पीपीएफ अकाउंट अब आपकी मदद कर सकता है
  • लोन लेने के लिए अपने बैंक से संपर्क करें या ऑनलाइन भी आवेदन कर सकते हैं
  • लोन लेने के लिए कोई कागजात जमा करने या कुछ भी गिरवी रखने की जरूरत नहीं होती
  • लोन की ब्याज दर फिलहाल पीपीएफ खाते पर मिलने वाले ब्‍याज से केवल 1 फीसदी अधिक होती है, जो पहले 2 फीसदी थी
  • लोन चुकाना भी काफी आसान होता है, ईएमआई का दबाव नहीं होता
  • ध्यान देने वाली बात है कि लोन लेने पर पीपीएफ के ब्याज पर टैक्स छूट नहीं मिलती वो खत्म हो जाती है
  • ब्याज समेत लोन की राशी को जमा करना जरुरी होता है वरना कोई टैक्स लाभ नहीं मिलता
  • पीपीएफ अकाउंट खोलने के तीसरे और छठे साल के बीच आप लोन ले सकते हैं
  • सातवां साल से शुरू होते ही आप अपने पीपीएफ अकाउंट से आंशिक रकम निकाल सकते हैं
  • आप अपने दो साल के जमा पीपीएफ रकम के क्लोसिंग बैलेंस में से 25 फीसदी तक का लोन तुरंत ले सकते हैं
  • मान लिजिए आपने अपना पीपीएफ अकाउंट वित्त वर्ष 2016 में खोला था और आप लोन वित्त वर्ष 2020 में ले रहे हैं। ऐसे में, आप 25 फीसदी तक का लोन से सकते हैं जो साल 2018 के बैंलेंस के बराबार होगा।
  • साल में एक ही बार लोन लिया जा सकता है। पहले लोन की पूरी रकम जमा करने के बाद ही आप दूसरा लोन पीपीएप के जरिए ले सकते हैं।
  • आपके क्रेडिट स्कोर की जरूरत पीपीएफ के जरिये लोन लेने पर नहीं पड़ती है

बैंक बाजार डॉट कॉम के सीईओ आदिल शेट्टी के मुताबिक महत्वपूर्ण बात होती है लोन रिपेमेंट और ब्याज दर, जो लिया जाता है। हालांकि, आपको 1 फीसदी का ही ब्याज लोन के अमाउंट पर लगता है। लेकिन, इफेक्टिव ब्याज दर ज्यादा हो जाती है। क्योंकि, जबतक कि आप लिए गए लोन को पूरा नहीं कर देते तबतक पीपीएफ में जमा रकम और उस पर लिए गए लोन अमाउंट में कोई भी इंटरेस्ट नहीं मिल पाता है। फिलहाल पीपीएफ के निवेश में 7.1 फीसदी का इंटरेस्ट दिया जा रहा है। यानी अगर अभी आप अपने पीपीएफ अकाउंट से लोन लेते हैं तो कुल ब्याज दर 8.1 फीसदी होगी (7.1+1)।

उदाहरण से समझिए कितना और कैसे मिलेगा लोन?

मान लिजिए की आपने अपना पीपीएफ 1 अप्रैल 2015 में 1 लाख रुपए जमा करके शुरू किया और आप हर साल 1 लाख रुपए जमा कर रहे हैं। वित्‍त वर्ष 2016 में आपकी कुल जमा राशी 1.07 लाख रुपए, वित्‍त वर्ष 2017 में 2.24 लाख और वित्‍त वर्ष 2018 में 3.5 लाख रुपए होगी। अगर आप वित्‍त वर्ष 2020 में लोन लेते हैं तो आपको जमा राशी 3.5 लाख के मुकाबले ज्यादा से ज्यादा 25 फीसदी यानी की 87,486 तक का लोन मिल सकता है।

Borrow Loan Against Ppf Account

Borrow Loan Against Ppf Account

पीपीएफ के जरिए लोन लेने से पहले रखें ध्यान:

  • ज्यादातर कोशिश करें की पीपीएफ से छोटी अवधि के लिए लोन लें
  • एक बार में आप एक ही लोन ले सकते हैं। दूसरा लोन लेने के लिए पहले लिए गए लोन का ब्याज और रकम चुकाने के बाद ही दूसरा लोन लेने की सुविधा मिलती है
  • लोन का भुगतान किस्‍त में करने के अलावा एक साथ भी किया जा सकता है
  • अपनी जरूरत के हिसाब से कम से कम रकम का लोन लें क्योंकि ब्याज पर ब्याज का कोई कंपाउंडिंग रिटर्न नहीं मिल पाता है
  • पर्सनल लोन के मुकाबले पीपीएफ से लोन पर ब्याज दर बहुत कम लगता है
  • 36 माह के अंदर आप इस लोन को चुका सकते हैं
  • अगर पीपीएफ अकाउंट धारक की मौत हो जाती है, तो नॉमिनी या उसके कानूनी उत्तराधिकारी को लोन का बकाया देना पड़ता है
  • ईएमआई का प्रेशर नहीं होता है। अपनी सुविधा के अनुसार भी लोन चुका सकते हैं।
  • आपको प्रिंसिपल अमाउंट को 36 महीनों में पूरा करना होगा
  • आप लोन की रीपेमेंट इंस्टॉलमेंट या लंपसम में भी कर सकते हैं
  • प्रिंसिपल अमाउंट जमा करने के बाद आपको दो इंस्टॉलमेंट की रकम एक साथ देने की इजाजत होती है
  • अगर आपने समय पर लोन रिपेमेंट नहीं किया तो आपको बचे हुए रकम पर 6 फीसदी का ब्याज लगेगा।
Write a comment
X