2024 में पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद बांग्लादेश और पाकिस्तान के बीच बढ़ते अच्छे संबंधों के बीच ये नया घटनाक्रम सामने आया है।
वर्ल्ड बैंक से 70 करोड़ डॉलर लेने के बाद पाकिस्तान इस राशि में से 60 करोड़ डॉलर संघीय कार्यक्रमों के लिए खर्च करेगा और 10 करोड़ डॉलर का इस्तेमाल सिंध प्रांत में एक प्रांतीय कार्यक्रम के समर्थन के लिए किया जाएगा।
पीआईए को बेचने के लिए 23 दिसंबर को नीलामी होनी है। नीलामी के शुरुआती चरण में पाकिस्तान की इस सरकारी एयरलाइन कंपनी की 75 प्रतिशत हिस्सेदारी के लिए बोली लगाई जाएगी।
IMF ने अब तक पाकिस्तान को 3.3 अरब डॉलर जारी किए हैं। पाकिस्तान को कुल 7 अरब डॉलर 39 महीनों की अवधि में मिलने हैं। पिछले डेढ़ साल में आईएमएफ द्वारा लगाए गए कुल शर्तों की संख्या अब 64 हो गई है।
IMF बोर्ड ने पाकिस्तान के 7 अरब डॉलर के एक्सटेंडेड फंड फैसिलिटी (ईएफएफ) के तहत 1 अरब डॉलर और रेजिलिएंस एंड सस्टेनेबिलिटी फैसिलिटी (आरएसएफ) के तहत 200 मिलियन डॉलर जारी करने की मंजूरी दी।
दोनों देशों के बीच संपर्क (कनेक्टिविटी) को मज़बूत करने की दिशा में यह फैसला लिया गया है। दोनों देशों के बीच एक समर्पित सीधी कार्गो शिपिंग सेवा भी जल्द ही शुरू होगी।
पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पर कर्ज का बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जून 2025 तक देश का कुल सार्वजनिक कर्ज 286.832 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जो पिछले वर्ष की तुलना में करीब 13 प्रतिशत ज्यादा है।
पिछले साल सितंबर में पाकिस्तान का व्यापारा घाटा 2.29 अरब डॉलर था, जो अब मुख्य रूप से आयात के 14 प्रतिशत बढ़कर 5.85 अरब डॉलर हो जाने और निर्यात के 11.7 प्रतिशत घटकर 2.5 अरब डॉलर रह जाने की वजह से बढ़ा।
भारत और पाकिस्तान की मुद्राओं में आज जो बड़ा अंतर है, वो सिर्फ आर्थिक नहीं, बल्कि नीतियों, फैसलों और स्थिरता की भी कहानी है। जहां भारत ने धैर्य और दिशा के साथ आगे बढ़ने की कोशिश की, वहीं पाकिस्तान राजनीतिक और आर्थिक उतार-चढ़ाव में उलझता रहा
पाकिस्तान सरकार की ओर से अभी इस समझौते को लेकर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है। मौजूदा समय में पाकिस्तान तेल की अधिकांश आपूर्ति मध्य पूर्व से करता है।
वित्त विभाग की अधिसूचना के अनुसार पेट्रोल की कीमत में 8.36 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है।
पुलवामा आतंकी हमले के बाद पाकिस्तानी माल ले जाने वाले जहाजों को भारत के बंदरगाहों पर लंगर नहीं डाल पा रहे हैं। भारत ने लंगर डालने से रोक लगा रखा है।
पाकिस्तानी संसद में गोहर अली खान ने अपनी ही सरकार की बजट नीतियों को लेकर सरकार को खूब खरी-खोटी सुनाई। विकसित देश हेल्थ और एजुकेशन पर निवेश में इजाफा कर रहे हैं, तबकि पाकिस्तान में बुनियादी सेक्टर में ही कटौती हो रही है।
भारत द्वारा पाकिस्तानी विमानों के लिए बंद किए गए एयर स्पेस को सबसे पहले 24 मई को ही खोला जाना था, लेकिन इसे एक महीने के लिए बढ़ाकर 24 जून कर दिया गया था।
पाकिस्तान ने साल 2024 में कुल 3,50,000 टन सेंधा नमक का निर्यात किया था जिसकी अनुमानित कीमत 12 करोड़ डॉलर है।
पाकिस्तान को 70 करोड़ डॉलर के लोन के लिए मिली मंजूरी के बाद प्राइवेट सेक्टर से बड़ा निवेश आने की उम्मीद है।
पाकिस्तान में लगभग 45 प्रतिशत आबादी गरीबी में रहती है, जबकि 16.5 प्रतिशत लोग अत्यधिक गरीबी में रहते हैं।
सरकार ने 2020 के प्रेस नोट तीन के तहत भारत के साथ भूमि सीमा साझा करने वाले देशों से विदेशी निवेश के लिए पूर्व मंजूरी को अनिवार्य कर दिया था।
भारत को लगता है कि पाकिस्तान अपने क्षेत्र से पैदा होने वाले आतंकवाद पर कार्रवाई करने में विफल रहा है और हथियार और गोला-बारूद खरीदने के लिए बहुपक्षीय एजेंसियों से धन का दुरुपयोग कर रहा है।
J-10 फाइटर जेट्स बनाने वाली चीनी डिफेंस कंपनी Avic Chengdu Aircraft के शेयर तीन दिन में 11 फीसदी से अधिक गिर गए हैं।
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