नई दिल्ली: दिल्ली विश्वविद्यालय के नॉर्थ कैम्पस में स्थित गांधी भवन में गांधी जयंती की शुरुआत जोशपूर्ण तरीके से हुई। अनुभवी विपणन और इवेन्ट कंपनी ब्रान्ड प्रमोशन इंडिया के स्वामित्व वाली इन्टलेक्च्युल प्रॉपर्टी (आईपी) के 100 से अधिक कलाकारों और चित्रकारों ने वालबुक 2015 पर गांधी की अविश्वनीय यात्रा को अपने जादुई भित्तचित्रकला से सचित्र व्याख्या की।
नई दिल्ली के माननीय पर्यटन मंत्री, श्री कपिल मिश्रा द्वारा दिल्ली विश्ववलिद्यालय के कुलपति प्रो.दिनेश सिंह, गांधी भवन की निदेशिका, अनिता शर्मा, दिल्ली वालबुक 2013 के विजेता कला रतन तथा रूपचंद और मौरिस नगर पुलिस स्टेशन की एसएचओ श्रीमती आरती शर्मा के साथ औपचारिक दीप प्रज्जवलित करने के साथ ही गतिविधियों की शुरुआत हुई। कलाकारों ने दीवारों पर अपने जादुई कला के माध्यम से ‘मोहनदास टू महात्मा’ की थीम पर मोहनदास करमचंद गांधी की बचपन से लेकर उनकी हत्या तक की अविश्वसनीय जीवनी को चित्रित किया। कलाकारों ने बापु की जीवनी से संबंधित चयनित लगभग 40 विषयों पर अपने भावों को दर्शाते हुए कलाचित्र के लिए आवंटित की गई 34 दीवारों पर चित्रित किया। गांधीजी के बचपन, विवाह, अफ्रीका में वकील को तौर पर उनके जीवन, दांडी यात्रा, चंपारण आंदोलन, भारत छोड़ो आंदोलन, गांधीजी का बच्चों को लेकर प्यार, महिलाओं का सामाजिक उद्धार, कुष्ठरोग उन्मूलन और स्वतंत्रता आंदोलन में उनकी भूमिका जैसे कई विषयों का चित्रों के लिए चुनाव किया गया था। समारोह में पूर्व वालबुक परियोजना, कॉलेज ऑफ ऑर्ट्स, नई दिल्ली, शारदा यूकिल स्कूल ऑफ ऑर्ट्स, श्यामलाल कॉलेज, आईआईएलएम स्कूल ऑफ डिजाईन, जामिया मिलिया इस्लामिया और जिवाजी यूनिवर्सिटी से छात्रों ने हिस्सा लिया। पूरे शहर से कला के उत्साही लोगों ने इस प्रदर्शनी का आनंद उठाया।