नई दिल्ली: दुनिया को कूटनीति, अर्थशास्त्र और राजनीति का पाठ पठाने वाले चाणक्य जीवन दर्शन के भी बड़े विद्वान थे। उन्होंने कुछ लोगों को इन लोगों को कहीं सोता पाएं जाने पर क्या करना चाहिए इस बारें को लेकर अपने विचार दुनिया के सामने रखे हैं। चाणक्य अपनें अनुभवों से जो कुछ भी सीखा था उसे दूसरों को भी सिखाया है। जानिए आचार्य ने और कौन-कौन सी बातें कही है।
आचार्य चाणक्य का मानना था कि यदि कोई काम शुरू करें तो उसे पूर्ण करने के बाद ही सोना चाहिए यदि कोई ऐसा करता पाया जाए तो उसे नींद से तुरंत जगा देना चाहिए।
आचार्य चाणक्य नें कहा है कि इन लोगों को कहीं सोता पाएं तो नींद से तुरंत जगा देना चाहिए...
1. राहगीर
यदि कोई राहगीर या यात्री रास्ते में सोता दिखाई दे तो उसे भी उठा देना चाहिए, अन्यथा उसका सामान चोरी होने का भय रहता है। यात्री को सोता देख कोई चोर उसके धन को चुरा सकता है या अन्य कोई हानि पहुंचा सकता है। यात्री सोता रहेगा तो वह अपनी यात्रा पूर्ण नहीं कर सकेगा।
2. भूखा व्यक्ति
यदि कोई व्यक्ति भूखा है तो उसे जगा देना चाहिए और उसे भोजन देना चाहिए। भूखा व्यक्ति सोता रहेगा तो उसे शारीरिक कष्ट झेलना पड़ सकते हैं, वह बीमार हो सकता है।
3. चौकीदार
किसी भण्डार गृह का रक्षक या कोई चौकीदार अपने कर्तव्य के समय सोते दिखे तो इन्हें भी तुरंत जगा देना चाहिए। भण्डार गृह का रक्षक या चौकीदार के सोने पर चोरी होने का भय बना रहता है। साथ ही, जन हानि होने की भी संभावनाएं रहती हैं।
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