तिरवनंतपुरम: समाज की मुख्यधारा में अपनी एक जगह बनाने के लिए कठिन प्रयास कर रहे ट्रांसजेंडर के लिए केरल में जल्द ही जी-टैक्सी की शुरआत की जाएगी जिसके तहत टैक्सी के मालिक भी वहीं होंगे और इसे संचालित भी वहीं करेंगे।
समाज में ट्रांसजेंडर समुदाय के प्रति नजरिये में बदलाव लाने के लक्ष्य के साथ देश में पहली ट्रांसजेंडर नीति का अनावरण करने के बाद अब राज्य सरकार जेंडर टैक्सी को शुरू करने के लिए तैयार है जिसके तहत ट्रांसजेंडर टैक्सी के मालिक भी होंगे और इसे संचालित भी करेंगे।
ट्रांसजेंडरों की आजीविका के लिए बेहतर साधन उपलब्ध कराने के लिए और समाज में उनके साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार को खत्म करने के लिए जी टैक्सी कार्यक्रम की शुरआत की जा रही है। अगर सबकुछ योजना के अनुसार हुआ तो इस वर्ष मार्च में इसकी शुरआत हो जाएगी।
राज्य के सामाजिक न्याय मंत्री एम के मुनीर ने बताया कि जी टैक्सी ट्रांसजेंडर नीति के व्यावहारिक अमल की दिशा में सरकार के पहले कदम का हिस्सा है जिसकी शुरूआत पिछले नवंबर में की गयी थी।
मुनीर ने बताया, हमने इस मकसद के साथ ट्रांसजेंडर नीति पेश की है कि इससे ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों के जीवन स्तर में सुधार आएगा।
मंत्रालय के तहत सरकारी जेंडर पार्क ने शी टैक्सी की सफलता के बाद जी टैक्सी कार्यक्रम का खाका तैयार किया था। इसके मुख्य कार्यकारी अधिकारी डा. पी टी एम सुनीश ने बताया कि परियोजना से ट्रांसजेंडर समुदाय के बीच उद्यमशीलता को बढ़ावा मिलने की संभावना है और इससे उन्हें आजीविका के बेहतर साधन उपलब्ध होंगे ।