नई दिल्ली: कई सौ साल पहले लिखी गई किताब श्रीमद् भगवत गीता के श्लोकों का मर्म अब आधुनिक बाजार को भी समझ आने लगा है। अब कारपोरेट कंपनियों में कर्मचारियों का प्रदर्शन डांट के जरिए नहीं बल्कि गीता के उपदेशों के जरिए सुधारने की कोशिश हो रही है। हाल ही में गीता जयंती के मौके पर ग्लोबल एकेडमी फॉर कारपोरेट ट्रेनिंग (ग्लोबल एक्ट) ने भगवत गीता के प्रबंधन (मैनेजमेंट) सिद्धांतों पर आधारित एक डीवीडी का लोकार्पण किया। आपको बता दें कि श्रीमद् भगवत गीता के प्रबंधन सिद्धांतों के आधार पर अनेकों कंपनियां अपने यहां प्रशिक्षण सत्र एवं कार्यशाला आयोजित करवा रही हैं ताकि उनके कर्मचारियों का दक्षता कौशल सुधर सके।
ग्लोबल एकेडमी ऑफ कारपोरेट ट्रेनिंग के संस्थापक एवं मोटिवेशनल वक्ता विवेक बिंद्रा ने गीता जयंती के मौके पर आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कहा भगवत गीता में दृष्टोण (विजन), नेतृत्व, प्रेरणा, कार्यक्षमता, निर्णय निर्धारण और योजना निर्माण जैसे प्रबंधन के अनेक सिद्धांतों की चर्चा की गई है। इसके साथ ही प्रबंधन संबंधी समस्याओं के समाधान का कारगर मार्ग भी बतलाया गया है। इस खास मौके पर समाज सेवा और उद्योग जगह की कुछ मशहूर हस्तियां भी मौजूद थीं। इसमें दिल्ली उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश एस एन ढींगरा, मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड के कार्यकारी निदेशक राजेश उप्पल, इस्कॉन के प्रवक्ता ऋषि कुमार, इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड के प्रबंधक निदेशक नरेंद्र कुमार, रिलैक्सो फुटवियर के प्रबंध निदेशक आर के दुआ, डॉयमंड पॉकेट बुक्स के चेयरमैन नरेंद्र कुमार वर्मा, एसोटेक रियल्टी के प्रबंध निदेशक नीरज गुलाटी और राठी स्टील के प्रबंध निदेशक अनिल राठी मौजूद रहे।