नई दिल्ली: लखनऊ की फॉरेंसिक लैब से आई रिपोर्ट की माने तो शाहजहांपुर के पत्रकार जगेन्द्र ने खुदकुशी की थी। रिपोर्ट कहती है कि जगेन्द्र के खुद को आग लगाई थी।
रिपोर्ट में कहा गया है कि छाती के बाईं तरफ से आग से जलने के निशान पाए गए हैं। इंडिया टीवी को यूपी पुलिस के सूत्रों ने बताया कि फॉरेंसिक रिपोर्ट साफ तौर पर यह कह रही है कि जगेन्द्र ने खुद को आग लगाई जिसकी वजह से उसकी मौत हो गई। हालांकि जगेन्द्र ने घायल होने के बाद बयान दिया था और यूपी के मंत्री राममूर्ति वर्मा और यूपी पुलिस पर आग लगाने का आरोप लगाया था। आज ही जगेन्द्र के परिवार को यूपी के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मुआवजे और सरकारी नौकरी का आश्वासन दिया है।
जगेन्द्र की हत्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट सख्त-
पत्रकार जगेंद्र सिंह की हत्या मामले में आज सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और यूपी की सरकार को नोटिस भेजा है। नोटिस में दोनों सरकारों से कहा गया है कि मामले की सीबीआई से जांच कराने की पीड़ित परिवार की मांग पर सरकार जवाब दें।
वहीं आज मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने लखनऊ में जगेंद्र के परिवार से मुलाकात की। परिवार को 30 लाख रुपए का मुआवजा 2 लोगों को सरकारी नौकरी देने का ऐलान किया। परिवार को भरोसा दिलाते हुए सीएम ने कहा कि अगर मंत्री दोषी होगा तो जेल भेजा जाएगा। परिवार ने कहा कि पुलिस की जांच से संतुष्ट हैं। वहीं यूपी सरकार इस पूरे मामले में मंत्री राममूर्ति वर्मा के इस्तीफे से इनकार कर चुकी है।