नई दिल्ली: 21 जून को पहले विश्व योग दिवस के मौके पर पीएम नरेंद्र मोदी राजपथ पर योग करेंगे। इस पर 175 देशों ने सहमति जताई है। इस दौरान उनके साथ सरकारी अधिकारी, राजनियक, सैन्य अधिकारी और एनसीसी कैडेट्स के साथ 45 हजार स्कूली छात्र-छात्राएं भी राष्ट्रपति भवन से लेकर इंडिया गेट तक योग करते नजर आएंगे। 35 मिनट तक चलने वाले योग प्रदर्शन के दौरान कुल 15 आसन किए जाएंगे। सबसे ज्यादा खास बात यह है कि इस योग प्रदर्शन को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में शामिल किए जाने की भी तैयारी की जा रही है। इसके लिए वहां एंट्री करवा दी गई है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर होने वाले इस आयोजन की जिम्मेदारी देश के आयुष मंत्रालय को दी गई जिसके चलते मंत्रालय भी जोरो-शोरो से तैयारी कर रहा है। मंत्रालय की ओर से मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान से प्राणायाम के आसनों का वीडियो भी तैयार किया जाएगा। इस वीडियो का इस्तेमाल योग के प्रचार प्रसार में किया जाएगा ताकि कोई भी व्यक्ति इस वीडियो के जरिए योग के तमाम आसनों को आसानी से सीख सकें। इन तैयारियों को लेकर एक एक्सपर्ट कमेटी भी बनाई गई। जिसमे व्यास योग इंस्टीट्यूटए बंगलुरू के मुखिया एस. व्यास और डॉ. ईश्वर वी. वासव रेड्डी शामिल हैं।
तैयारी में जुटे आयुष मंत्रालय विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि वे रिकॉर्ड बनाने के लिए काफी मेहनत कर रहे हैं, लेकिन वल्र्ड रिकॉर्ड के रूल्स मुश्किल हैं। साथ ही यह भी कहा कि हम ईमेल के जरिए कमिटी और यहां उनके एकमात्र प्रतिनिधि के संपर्क में हैं। एकमात्र चुनौती 45,000 लोगों में से कम से कम 35,000 को आयोजन स्थल पर सुबह 6.30 बजे तक लाने की है। गिनीज बुक ऑफ वल्र्ड रिकॉर्ड के रूल्स काफी कड़े हैं। वे हर एंट्री को बार-कोडेड और डिकोडेड चाहते हैं। हम राजघाट पर इस आयोजन में हिस्सा लेने वालों की एंट्री सुबह 5 बजे से शुरू कर सकते हैं।
अधिकारी ने बताया कि हमने देश के तमाम योगा गुरूओं से अपने छात्रों के साथ पहुंचने को कहा है। इस योग दिवस की शुरूआत 21 जून को सुबह 6.45 पर होगी। साथ ही इस कार्यक्रम का अंत एक हिंदी प्रार्थना से होगा।