मुंबई: पठानकोट आतंकी हमले की पृष्ठभूमि में भाजपा पर अपने वार तेज करते हुए उसके सहयोगी दल शिवसेना ने आज पार्टी से पूछा है कि भारी जनादेश लेकर सत्ता में आने के बाद उसने पाकिस्तान नीति और राम मंदिर समेत विभिन्न मुद्दों पर क्या बदलाव किए हैं? इसके साथ ही शिवसेना ने यह भी कहा कि कांग्रेस के पिछले शासन की गलतियों को सरकार दोहरा रही है।
शिवसेना के मुखपत्र सामना में प्रकाशित संपादकीय में कहा गया, राम मंदिर मुद्दे से लेकर समान नागरिक संहिता तक, महंगाई से लेकर भ्रष्टाचार तक और हिंदुत्व से लेकर पाकिस्तान के खिलाफ नीति तक...भाजपा के केंद्र में सत्ता में आने के बाद क्या बदला है? लोग जवाब मांग रहे हैं। सरकार की नीति का जनता द्वारा किए जाने वाला ऑडिट (लेखा जोखा) सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होता है।
पार्टी ने कहा, ‘जो गलतियां कांग्रेस ने की थीं, उन्हें दोहराया जा रहा है और हम लोगों के रोष को आमंत्रित कर रहे हैं। जो सवाल मुंबई आतंकी हमलों, करगिल युद्ध के बाद पूछे जा रहे थे, वही सवाल अब पठानकोट की घटना के बाद भी पूछे जा रहे हैं।’
शिवसेना ने भाजपा को यह भी याद दिलाया कि आपातकाल के बाद वह चुनाव में अच्छे से जीती थी लेकिन पार्टी (जनता पार्टी, जिसमें तत्कालीन जनसंघ का विलय हो गया था) के भीतर की खींचतान दो साल से भी कम समय में कांग्रेस के पुनरूत्थान की वजह बन गई। संपादकीय में कहा गया कि लोगों पर वादों के जो फूल बरसाए गए थे, उन्हें कुचला जा रहा है और इससे लोग आहत हो रहे हैं।