1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. सुपरस्टार विजय के खिलाफ फतवा जारी, मुस्लिमों से समर्थन न करने की अपील, इफ्तार पार्टी में हुई गलती बनी वजह

सुपरस्टार विजय के खिलाफ फतवा जारी, मुस्लिमों से समर्थन न करने की अपील, इफ्तार पार्टी में हुई गलती बनी वजह

 Edited By: Shakti Singh
 Published : Apr 17, 2025 09:33 am IST,  Updated : Apr 17, 2025 09:33 am IST

एआईएमजे के अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कहा कि विजय ने इफ्तार पार्टी में जुआरियों और शराब पीने वालों को बुलाया था। इस वजह से उनके खिलाफ फतवा जारी किया गया है।

Vijay- India TV Hindi
अभिनेता विजय Image Source : X/VIJAY

दक्षिण भारतीय फिल्मों के सुपरस्टार और तमिलगा वेत्री कझगम के अध्यक्ष विजय एक नए विवाद में फंसते नजर आ रहे हैं। ऑल इंडिया मुस्लिम जमात ने बुधवार को अभिनेता के खिलाफ फतवा जारी किया और मुसलमानों से उनके साथ खड़े न होने को कहा। एआईएमजे के अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कहा कि विजय ने मुसलमानों की छवि खराब की है, इस वजह से उनके खिलाफ फतवा जारी किया गया है। 

मौलाना के अनुसार विजय ने जुआरियों और शराब पीने वालों को अपनी इफ्तार पार्टी में आमंत्रित किया। इससे मुसलमानों की छवि खराब हुई। इसी वजह से उनके खिलाफ फतवा जारी किया गया। रिजवी ने कहा, "उन्होंने एक राजनीतिक पार्टी बनाई है और मुसलमानों के साथ सौहार्दपूर्ण संबंध बनाए रखे हैं। हालांकि, उन्होंने अपनी फिल्मों में मुसलमानों को आतंकवाद फैलाने वालों के रूप में नकारात्मक रूप से चित्रित किया है। " 

विजय से नाराज हैं सुन्नी मुसलमान

मौलाना ने बताया "उनकी इफ्तार पार्टी में जुआरियों और शराब पीने वालों को आमंत्रित किया गया था। इन सब के कारण तमिलनाडु के सुन्नी मुसलमान उनसे नाराज हैं। उन्होंने फतवा मांगा। इसलिए, मैंने अपने जवाब में फतवा जारी किया है जिसमें कहा गया है कि मुसलमानों को विजय के साथ खड़ा नहीं होना चाहिए।"

वाई सिक्योरिटी मांगने से शुरू हुआ विवाद

यह विवाद तब शुरू हुआ जब विपक्षियों ने आरोप लगाया कि टीवीके ने केंद्र से विजय के लिए वाई-सिक्योरिटी मांगी, क्योंकि उन्हें डर था कि अभिनेता को "मुसलमानों से खतरा" है। वीसीके के प्रवक्ता वन्नियारसु ने कहा, "विजय ने अपनी फिल्मों 'काठी' और 'बीस्ट' में मुसलमानों को गलत तरीके से दिखाया है। इसलिए, विजय और टीवीके को लगा कि अभिनेता को मुसलमानों से खतरा हो सकता है और उन्होंने गृह मंत्रालय से सुरक्षा मांगी।" हालांकि, टीवीके और सहयोगी तमिलनाडु मुस्लिम लीग ने आरोपों का खंडन किया और कहा कि यह डीएमके और उसके सहयोगियों की टीवीके से मुसलमानों को अलग करने की एक चाल है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत