1. Hindi News
  2. भारत
  3. उत्तर प्रदेश
  4. अयोध्या राम मंदिर जमीन घोटाला: यूपी सरकार ने दिए जांच के आदेश, 1 हफ्ते के अंदर देनी होगी रिपोर्ट

अयोध्या राम मंदिर जमीन घोटाला: यूपी सरकार ने दिए जांच के आदेश, 1 हफ्ते के अंदर देनी होगी रिपोर्ट

 Reported By: Vishal Pratap Singh
 Published : Dec 22, 2021 11:16 pm IST,  Updated : Dec 22, 2021 11:52 pm IST

अयोध्या में बन रहे भव्य राम मंदिर के कथित जमीन घोटाले के आरोपों की जांच के आदेश दिए गए हैं। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने मामले में जांच के आदेश दे दिए हैं। यूपी सरकार ने अधिकारियों को एक हफ्ते के अंदर जांच पूरी कर रिपोर्ट पेश करने के लिए कहा है।

अयोध्या राम मंदिर जमीन घोटाला: यूपी सरकार ने दिए जांच के आदेश, 1 हफ्ते के अंदर देनी होगी रिपोर्ट - India TV Hindi
अयोध्या राम मंदिर जमीन घोटाला: यूपी सरकार ने दिए जांच के आदेश, 1 हफ्ते के अंदर देनी होगी रिपोर्ट  Image Source : FILE PHOTO

Highlights

  • यूपी में अयोध्या राम मंदिर जमीन घोटाले का मुद्दा गरमाया
  • योगी सरकार ने दिए जांच के आदेश
  • विशेष सचिव राजस्व मामले की जांच कर 1 हफ्ते में सरकार को देंगे रिपोर्ट

अयोध्या में बन रहे भव्य राम मंदिर के कथित जमीन घोटाले के आरोपों की जांच के आदेश दिए गए हैं। यूपी की योगी सरकार ने अयोध्या में कथित जमीन घोटाले को लेकर मामले की जांच के आदेश दिए हैं। अयोध्या में कथित जमीन घोटाले मामले की स्पेशल सेक्रेटरी रेवेन्यू जांच करेंगे। साथ ही 1 हफ्ते के अंदर जांच की रिपोर्ट सौंपने के आदेश दिए गए हैं। अयोध्या जमीन के सौदे में कई मंत्रियों के रिश्तेदारों के नाम सामने आए थे। बता दें कि, उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए जमीन खरीद में 'गड़बड़ी' का मामला फिर से चर्चा में आ गया है।

बता दें कि, सुप्रीम कोर्ट के फैसले से अयोध्या में राम जन्मभूमि मंदिर निर्माण का रास्ता साफ होने के बाद वहां जमीन खरीद को लेकर एक नया विवाद सामने आया है। अपर मुख्य सचिव राजस्व मनोज कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री के आदेश पर जांच बैठाई है। विशेष सचिव राजस्व जमीन खरीद मामले को लेकर जांच करेंगे और शासन को 1 हफ्ते में रिपोर्ट सौप देंगे। गौरतलब है कि अयोध्या में जमीन खरीद विवाद मामले में कई नेताओं और अधिकारियों के परिजनों का नाम सामने आया है।

अंग्रेजी अखबार द इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट द्वारा रामजन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद में फैसला देने और मंदिर विवाद का रास्ता साफ करने के बाद विधायकों, मेयर, आयुक्त, एसडीएम और डीआईजी के रिश्तेदारों ने अयोध्या में जमीनें खरीदी हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि ये जमीन महंगे दामों में लिए गए हैं। लेन-देन के इस नेटवर्क के केंद्र में महेश योगी की ओर से स्थापित महर्षि रामायण विद्यापीठ ट्रस्ट (MRVT) है, जिसने 1990 के दशक की शुरुआत में, राम मंदिर स्थल से 5 किलोमीटर से भी कम दूर बरहटा मांझा गांव और अयोध्या में आसपास के कुछ अन्य गांवों में बड़े पैमाने पर जमीन का अधिग्रहण किया था, इस जमीन में से लगभग 21 बीघा जमीन कथित तौर पर दलितों से नियमों का उल्लंघन करते हुए खरीदी गई थी।

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने राम मंदिर कथित जमीन घोटाले को लेकर एक मीडिया खबर का जिक्र करते हुए ट्वीट कर लिखा- हिंदू सत्य के रास्ते पर चलता है, हिंदुत्ववादी धर्म की आड़ में लूटता है। कांग्रेस पार्टी के महासचिव और मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ‘चंदे की लूट’ और ‘जमीन की लूट’ पर जवाब देना चाहिए और पूरे प्रकरण की जांच करानी चाहिए।

Latest Uttar Pradesh News

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Uttar Pradesh से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत