नई दिल्ली: अलीगढ़ की मिट्टी से पैदा हुए दो भाइयों ने विश्व हाकी में डंका बजा रखा है। बेल्जियम में चल रही विश्व हाकी वर्ल्ड लीग में युवराज और उनके छोटे भाई देविंदर बाल्मीकि के बूते टीम इंडिया सेमीफाइनल तक पहुंच चुकी है।
दोनों भाइयों ने दो मैच में तीन गोल दागकर फ्रांस व पोलैण्ड जैसी टीमों के छक्के छुड़ा दिए। भारतीय टीम के कप्तान सरदार सिंह भी दोनों भाइयों के कायल हैं। दोनों भाइयों के जलवे से जिले के तमाम लोग भले ही अंजान हो लेकिन शहर से सटे धनीपुर ब्लाक के गांव अलहदादपुर गांव में खुशी का माहौल है।
युवराज वाल्मीकि मई 2013में एशिया कप के फाइनल में पाकिस्तान को हराने के बाद सुर्खियों में आए थे। वे तीन साल से भारतीय टीम में है। युवराज के पिता सुनील बाल्मीकि निजी ड्राइवर है। छोटा भाई देविन्दर भी हाकी के खेल में भारतीय ए टीम की तरफ से उम्दा प्रदर्शन किया और बेल्जियम में खेलने का मौका पा गया। 21 जून को फ्रांस के खिलाफ जिताउ गोल देविन्दर बाल्मीकि ने किया था, और पोलैण्ड के खिलाफ दोनों भाइयों ने गोल दागा था।
दोनों भाई जिले का ही नहीं देश का भी नाम रोशन कर रहे हैं। वहीं गांव में लोग खेल स्टेडियम की मांग कर रहे हैं और अविकसित गांव को विकसित किए जाने की मांग कर रहे हैं। युवराज के घर पर ताला लगा है और उनके माता पिता सभी लोग मैच देखने गए हुए हैं।
विश्व हॉकी में वाल्मिकी बंधुओं का डंका
अलीगढ़ की मिट्टी से पैदा हुए दो भाइयों ने विश्व हाकी में डंका बजा रखा है। बेल्जियम में चल रही विश्व हाकी वल्र्ड लीग में युवराज और उनके छोटे भाई देविंदर बाल्मीकि के बूते टीम इंडिया सेमीफाइनल तक पहुंच चुकी है।
दोनों भाइयों ने दो मैच में तीन गोल दागकर फ्रांस व पोलैण्ड जैसी टीमों के छक्के छुड़ा दिए। भारतीय टीम के कप्तान सरदार सिंह भी दोनों भाइयों के कायल हैं। दोनों भाइयों के जलवे से जिले के तमाम लोग भले ही अंजान हो लेकिन शहर से सटे धनीपुर ब्लाक के गांव अलहदादपुर गांव में खुशी का माहौल है।
युवराज वाल्मीकि मई 2013में एशिया कप के फाइनल में पाकिस्तान को हराने के बाद सुर्खियों में आए थे। वे तीन साल से भारतीय टीम में है। युवराज के पिता सुनील बाल्मीकि निजी ड्राइवर है। छोटा भाई देविन्दर भी हाकी के खेल में भारतीय ए टीम की तरफ से उम्दा प्रदर्शन किया और बेल्जियम में खेलने का मौका पा गया। 21 जून को फ्रांस के खिलाफ जिताउ गोल देविन्दर बाल्मीकि ने किया था, और पोलैण्ड के खिलाफ दोनों भाइयों ने गोल दागा था।
दोनों भाई जिले का ही नहीं देश का भी नाम रोशन कर रहे हैं। वहीं गांव में लोग खेल स्टेडियम की मांग कर रहे हैं और अविकसित गांव को विकसित किए जाने की मांग कर रहे हैं। युवराज के घर पर ताला लगा है और उनके माता पिता सभी लोग मैच देखने गए हुए हैं।