1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अमेरिका
  4. चीन, ईरान और रूस पर अमेरिका का बहुत बड़ा आरोप, कहा- चुनाव प्रभावित करना चाहते हैं

चीन, ईरान और रूस पर अमेरिका का बहुत बड़ा आरोप, कहा- चुनाव प्रभावित करना चाहते हैं

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Sep 05, 2020 12:31 pm IST,  Updated : Sep 05, 2020 12:31 pm IST

अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) रॉबर्ट ओ ब्रायन ने कहा कि चीन, ईरान और रूस वे तीन देश हैं, जो अमेरिकी चुनाव को प्रभावित करना चाहते हैं।

रिपब्लिकन पार्टी के प्रत्याशी डोनाल्ड ट्रम्प और डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रत्याशी जो बाइडेन- India TV Hindi
रिपब्लिकन पार्टी के प्रत्याशी डोनाल्ड ट्रम्प और डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रत्याशी जो बाइडेन Image Source : AP

वाशिंगटन: अमेरिका ने चीन, ईरान और रूस पर बड़ा आरोप लगाया है। अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) रॉबर्ट ओ ब्रायन ने कहा कि चीन, ईरान और रूस वह तीन देश हैं, जो अमेरिकी चुनाव को प्रभावित करना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इनमें से कुछ डेमोक्रेटिक पार्टी के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार जो बाइडेन को अगले राष्ट्रपति के तौर पर व्हाइट हाउस में देखना चाहते हैं। 

ओ ब्रायन ने पत्रकारों से कहा, ‘‘जब चुनाव की बात आती है तो खुफिया तंत्र ने स्पष्ट कर दिया है कि पहला चीन है, जो अमेरिका की राजनीति को प्रभावित करने के लिए सबसे अधिक बड़े पैमाने पर कार्यक्रम चला रहा है। इसी प्रकार ईरान और रूस हैं। तीनों शत्रु देश हमारे चुनाव में बाधा उत्पन्न करना चाहते हैं।’’ गौरतलब है कि तीन नवंबर को अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के लिए मतदान होगा।

चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी की ओर से मौजूदा राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प प्रत्याशी हैं, जो दोबारा निर्वाचित होने का प्रयास कर रहे हैं और उनका मुकाबला डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रत्याशी और पूर्व उप राष्ट्रपति जो बाइडेन से है। अब तक हुए सर्वेक्षण में बाइडेन आगे चल रहे हैं, लेकिन गत दो हफ्तों में ट्रम्प तेजी से इस अंतर को पाटते नजर आ रहे हैं। 

ओ ब्रायन ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘कुछ बाइडेन को चाहते हैं जबकि कुछ लोग कहते हैं कि वे राष्ट्रपति को तरजीह देते हैं। मेरा मानना है कि यह देश चाहता है कि किसी भी देश को स्वतंत्र और पारदर्शी अमेरिकी चुनाव में हस्तक्षेप से रोका जाना चाहिए।’’ 

उन्होंने कहा, ‘‘हमने अभूतपूर्व कदम उठाया है। राष्ट्रपति ने अभूतपूर्व तरीके से हमारे चुनावी अवंसरचना के लिए कोष जुटाने की प्रक्रिया को सख्त बना मिसाल पेश की है चाहे वह साइबर के जरिये हो या अन्य तरीकों से।’’

गौरतलब है कि चीन, इरान और रूस वह देश हैं, जिनसे अमेरिका की बिल्कुल नहीं बनती। अमेरिका लगातार तीनों देशों पर अलग-अलग किस्म के आरोप लगाता रहा है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। US से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश