नई दिल्ली: रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर आकाश वायुरक्षा प्रणाली को भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल करेंगे। पर्रिकर ग्वालियर में यह प्रणाली औपचारिक रूप से सौंपेंगे।
इस प्रणाली को रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने स्वदेशी आधार पर विकसित किया है और इसकी उत्पादन एजेंसी BEL है। भारतीय वायुसेना ने आकाश रक्षा प्रणाली के आठ स्क्वाड्रन का शुरुआती ठेका दिया है।
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