शिलॉन्ग: बीएसएफ की ओर से दी गई जानकारी के आधार पर बांग्लादेश में अधिकारियों ने देश में छिपे पूर्वोत्तर के उग्रवादियों का सफाया शुरू कर दिया है। बीएसएफ के एक सीनियर अफसर ने शुक्रवार को यहां यह बात कही।
बीएसएफ के एक सीनियर ऑफिसर ने कहा कि हमें उग्रवादियों के अस्थाई शिविरों से उन्हें हटाए जाने के लिए बांग्लादेश में चल रहे अभियानों की जानकारी दी गई है जिनके बारे में बीएसएफ समय-समय पर बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (बीजीबी) के साथ सूचना साझा करता है। बीएसएफ को यहां बीजीबी के साथ हुई एक सीमा समन्वय बैठक के दौरान इसके बारे में पता चला।
अधिकारी के मुताबिक, सम्मेलन के दौरान बीएसएफ ने बीजीबी को बांग्लादेश के अलग अलग हिस्सों में अनेक संगठनों के 39 कैंपों की लिस्ट सौंपी और कैंपों पर छापे मारकर उग्रवादियों को गिरफ्तार करने में उनकी मदद मांगी।
बीएसएफ ने बांग्लादेश के नागरिकों की ओर से भी सीमा का उल्लंघन किए जाने और चोरी, डकैती, अपहरण तथा शिकार जैसे अपराध किए जाने के मुद्दे को उठाया। अधिकारी के मुताबिक, बीजीबी ने सीमा पर रहने वाले लोगों द्वारा बांग्लादेशियों को मारने के बारे में बात की। बीजीबी ने बांग्लादेश में पर्वतीय और सुदूर इलाकों में सीमा पर चौकियों के निर्माण के लिए साजोसामान के सहयोग और भारतीय सड़कों के इस्तेमाल का अनुरोध किया।
बीएसएफ के डेलिगेशन की अगुआई बीएसएफ मेघालय फ्रंटियर के आईजी सुदेश कुमार ने किया, वहीं बांग्लादेश के डेलिगेशन की अगुआई एडीजी (रीजनल कमांडर एनई रीजन( मोहम्मद लतीफुल हैदर ने की।