मुंबई: भाजपा नीत महाराष्ट्र सरकार में शामिल रहते हुए सतत इसकी आलोचना करने के लिए शिव सेना पर निशाना साधते हुए कांग्रेस ने सोमवार को कहा कि सत्ता की अपनी जरूरत के लिए असहाय इस पार्टी को शिवाजी महाराज के नाम का उपयोग बंद करना चाहिए क्योंकि यह अपना आत्मसम्मान खो चुकी है।
कांग्रेस के प्रवक्ता सचिन सावंत ने यहां कहा, शिव सेना सत्ता का लाभ लेने के लिए झुकी हुई है और साथ ही यह एक विपक्षी पार्टी की तरह व्यवहार करने का निरंतर नाटक कर रही है और सरकार पर हमला बोल रही है। यदि यह भाजपा सरकार के कामकाज से खुश नहीं है और इसके पास थोड़ा भी आत्मसम्मान बचा है तो इसे तत्काल सरकार से अलग हो जाना चाहिए।
उन्होंने कहा, यदि यह सत्ता के लिए असहाय बनी रहती है तो यह शिवाजी महाराज के नाम पर कैसे राजनीति कर सकती है। स्वार्थ की पूर्ति के उद्देश्य से सत्ता में बने रहने को लेकर लोग शिव सेना से अधिक नाखुश हैं। सावंत ने कहा कि उद्धव ठाकरे की अगुवाई वाली पार्टी जितना चाहे भाजपा की आलोचना कर सकती है, लेकिन अपने घटते आत्मसम्मान को बचाने के बाद।
राज्य के मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर भाजपा और शिव सेना के बीच जारी बातचीत संबंधी मीडिया रिपोर्टों के संदर्भ में सावंत ने कहा कि यह आश्चर्य में डालने वाली बात है कि वे सूखे से ज्यादा इस पर चर्चा कर रहे हैं। उन्होंने कहा, महाराष्ट्र भयंकर सूखे का सामना कर रहा है और दोनों पार्टियां मंत्रिमंडल विस्तार पर चर्चा कर रही हैं जोकि फिलहाल चर्चा का विषय नहीं है।