नई दिल्ली: इंटरनेशनल न्यूज़ नेटवर्क अल जज़ीरा को दिए इंटरव्यू में भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने यह बड़ा विश्वास जताया है कि आपसी सद्भाव बढ़ने से भविष्य में भारत, पाकिस्तान और बांग्लादेश फिर से एक हो सकते हैं। उन्हें यह भरोसा भी है कि करीब 60 साल पहले अलग हुए भारत व पाकिस्तान और बांग्लादेश के एक होने से अखंड भारत का निर्माण हो सकता है।
हालांकि भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने अपने साक्षात्कार के दौरान यह स्पष्ठ तौर पर कहा कि उनका इस तरह का विचार आरएसएस के सदस्य के तौर पर है। गौरतलब है कि जुलाई 2014 में भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव बनने से पहले तक राम माधव आरएसएस के प्रवक्ता और इसकी राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य रह चुके थे
ऐतिहासिक कारणों से अलग हुए, एक हो सकते हैं सद्भावना का विकास होने पर
"60 साल पहले ऐतिहासिक कारणों से अलग हुए इन भू-भागों (भारत-पाक -बांग्लादेश) के निवासियों में परस्पर सद्भावना का विकास होने पर अखंड भारत का निर्माण फिर से किया जा सकता है।," भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने कहा। हालांकि माधव ने यह स्पष्ट कर दिया कि उनकी बात का यह अर्थ नहीं है कि अखंड भारत का निर्माण करने के लिए किसी देश के खिलाफ युद्ध करके उस पर कब्जा किया जाएगा। उनका मानना है कि बिना किसी युद्ध के, केवल जनता की इच्छा से ही ऐसा किया जा सकता है।