नई दिल्ली: 1971 में हुए भारत-पाक युद्ध में पाकिस्तान को धूल चटाने वाले भारत के वीर पुत्र लेफ्टिनेंट जनरल जेएफआर जैकब (रिटायर्ड) का बीते बुधवार को निधन हो गया। जैकब ने आर्मी अस्पताल में सुबह साढ़े आठ बजे अपनी अंतिन सांसे ली। 1971 में हुए भारत-पाक युद्ध में उन्होंने अहम भूमिका निभाई थी। अस्पताल के अधिकारी ने बताया कि जैकब को निमोनिया हुआ था जिस वजह से वह 1 जनवरी से अस्पताल में भर्ती थे। आपको बता दें कि वह गोवा और पंजाब के राज्यपाल भी रह चुके हैं। वह 19 साल की उम्र में सेना में भर्ती हुए थे। उन्होंने द्वितीय विश्व युद्ध में भी हिस्सा लिया था।
1. लेफ्टिनेंट जनरल जेएफआर जैकब का जन्म 1923 में हुआ था।
2. 1942 में उन्होंने महू ऑफिसर्स ट्रेनिंग स्कूल से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की थी।
3. वह ब्रिटिश इंडियन आर्मी में शामिल थे और 1978 में वह रिटायर हो गए थे।
4. 93,000 पाकिस्तानी सैनिकों ने आत्मसमर्पण किया था।

जैकब 3 युद्धों में शामिल थे:
1. द्वितीय विश्व युद्ध
2. 1965 का भारत-पाक युद्ध
3. 1971 का भारत-पाक युद्ध

जैकब को इसलिए भी जाना जाता है:
1. उन्होंने ढाका में पाक सैनिकों के आत्मसमर्पण की प्रक्रिया को भारत की तरफ से अंजाम दिया था।
2. उन्होंने बांग्लादेश के युद्ध पर एक किताब भी लिखी थी।
3. उन्होंने एक कार्यक्रम में कहा था कि उन्हें पाक सेना से त्रस्त बांग्लादेशी सेना से गहरी संवेदना है।

आजीवन अविवाहित रहे
जैकब ने विवाह नहीं किया था और वे अविवाहित रहे।उनका मानना था कि देश के युवा ही उनके बच्चे हैं। उनका जन्म 1999 में कोलकाता में हुआ था और 19 साल की उम्र में वे सेना में भर्ती हुए थे।