नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात में कहा, "लाखों लोगों ने फोटो पोस्ट किए। ट्विटर, ईस्टाग्राम पर। मैने नहीं सोचा था कि ऐसा परिणाम मिलेगा। लोगों ने एक से बढ़कर एक फोटो साझा किया। शायद भारत सरकार ने भी यह नहीं सोचा कि लोग इतना बेहतर काम कर सकते हैं। कुछ फोटो तो मुझे भी इतने भा गए कि मैने भी उसे रीपोस्ट किया। मध्य प्रदेश के ओरक्षा की फोटो हो। हम राजस्थान को पानी के संकट वाला स्थान मानते हैं, लेकिन जब वहां से कोई वाटरफाल के फोटो भेजता है तो अच्छा लगता है। यानी सचमुच में अद्भुत काम हुआ है। दुनिया देखेगी, देशवासी देखेंगे, हमारी नई पीढ़ी देखेंगे। 21 जून अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मेरे मन को उसी प्रकार से आंदोलित कर गया। मैने जब संयुक्त राष्ट्र में इस बात को रखा। लेकिन जब मैने 21 जून का नजारा देखा, जहां-जहां सूरज उगा दुनिया को कोई भू-भाग ऐसा नहीं था जहां योग के द्वारा सूर्य का स्वागत न हुआ हो। योग को दुनिया ने जिस तरह से पलक पावड़े बिछाकर स्वागत किया कौन हिंदुस्तानी होगा जिसको गर्व नहीं होगा। मैं भी पुलकित होगा। चाहे नार्थ अमेरिका हो, सिलिकॉन वैली हो हर जगह योगा हुआ, यह गर्व की बात है। जब मैने बान की मून को योगा करते देखा मुझे अच्छा लगा। हमारे जवान योगा कर रहे थे, तो समुद्र में नौसेना ने भी योगा के कार्यक्रम हुए। राजपथ योगपथ बन गया और मैं इसके लिए आपका आभारी हूं।"