नई दिल्ली: रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने आज जोर दिया कि जो भी व्यक्ति या संगठन भारत को दर्द देगा, उसे उसी तरह से भुगतान करना होगा लेकिन यह कैसे, कब और कहां होगा, वह हमारी पसंद के अनुरूप होगा। रक्षा मंत्री की यह टिप्पणी पठानकोठ आतंकी हमले की पृष्ठभूमि में सामने आई है।
सेना प्रमुख जनरल दलवीर सिंह सुहाग समेत सेना के शीर्ष अधिकारियों एवं अन्य लोगों को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि इतिहास हमें यह बताता है कि जो लोग नुकसान पहुंचाते हैं, जब तक उन्हें उस दर्द की अनुभूति नहीं होती, वे नहीं बदलते हैं। उन्होंने कहा, यह मेरा मत है, इसे सरकार की सोच के तौर पर नहीं लिया जाना चाहिए... मैं हमेशा से मानता हूं कि अगर कोई आपको नुकसान पहुंचाता है, तब वह उसी भाषा को समझता है।
सेना की ओर से आयोजित एक समारोह में पर्रिकर ने कहा, यह कैसे, कब और कहां हो, यह आपकी पसंद होनी चाहिए। कोई इस देश को नुकसान पहुंचाता है, तब उस व्यक्ति या संगठन... मैं व्यक्ति और संगठन शब्द का उपयोग कर रहा हूं। उन्हें ऐसे कार्यो के लिए उसी तरह का दर्द दिया जाना चाहिए।
गौरतलब है कि 31 दिसंबर की रात को पठानकोट एयरबेस पर हुए आतंकी हमले में 6 जवान शहीद हुए थे। भारत का दावा है कि इस हमले को पाकिस्तान स्थित आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने अंजाम दिया।