नई दिल्ली: पाकिस्तानी गायक अदनान सामी को शुक्रवार को होम मिनिस्ट्री ने भारतीय नागरिकता प्रदान कर दी, इसके बाद निर्वासित बांग्लादेशी लेखिका तसलीमा नसरीन के प्रशंसकों ने बड़ी संख्या सोशल मीडिया के ज़रिये प्रधानमंत्री से मांग की कि लेखिका को भी भारतीय नागरिकता दी जाए।
बृहस्पतिवार को जैसे ही पाकिस्तानी गायक को भारतीय नागरिकता मिलने की खबर आई, एक प्रशंसक के यह लिखने पर कि शायद अदनान को बड़ी हस्ती समझा जा रहा है, बांग्लादेशी लेखिका ने ट्वीट किया – यह ठीक नहीं है।
एक अन्य प्रशंसक ने ट्वीट किया: "अदनान सामी को भारतीय नागरिकता मिल गई। तसलीमा नसरीन (@taslimanasreen) को क्यों नहीं? क्या आप इसकी वजह बताएंगे @narendramodi, @BJPRajnathSingh, @SushmaSwaraj?"
तसलीमा ने एक और ट्वीट करके कहा, "क्योंकि मैं असमानता, अन्याय औऱ धार्मिक कट्टरपन के खिलाफ लिखती हूं, इसीलिए मुझे विवादास्पद लेखिका कहा जाता है।"
इससे पहले अगस्त 2015 में नसरीन की वीजा अवधि एक साल के लिए बढ़ा दी गई थी। साल 1994 में उनके उपन्यास 'लज्जा' को धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला करार देते हुए उन्हें बांग्लादेश से निर्वासित कर दिया गया था, जिसके बाद तसलीमा ने साल 2004 में कोलकाता में शरण ली थी। उसके बाद से लेकर अब तक वह वीजा लेकर भारत में रह रही हैं, जिसे समय-समय पर बढ़ाया जाता रहा है। वह फिलहाल दक्षिणी दिल्ली के इलाके में रह रही हैं। कई मौकों पर बांग्लादेश की विवादित लेखिका तसलीमा भारत में खासकर कोलकाता में स्थायी तौर पर रहने की इच्छा जता चुकी हैं।