1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. एक महीने में बिके 1.26 करोड़ लड्डू, तिरुपति देवस्थानम ने जारी किया डेटा, पिछले साल से 6% ज्यादा बिक्री

एक महीने में बिके 1.26 करोड़ लड्डू, तिरुपति देवस्थानम ने जारी किया डेटा, पिछले साल से 6% ज्यादा बिक्री

 Published : Jul 03, 2026 10:53 pm IST,  Updated : Jul 03, 2026 10:53 pm IST

मंदिर की तरफ से जारी किए गए आंकड़े के अनुसार जून के महीने में लड्डू की बिक्री रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई। पिछले साल से तुलना करें तो इसमें सीधा छह फीसदी का इजाफा हुआ है।

Tirumala Temple Prasad- India TV Hindi
तिरुमाला मंदिर प्रसाद Image Source : PTI

तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम ने जून के महीने में रिकॉर्ड 1.26 करोड़ लड्डू बेचे हैं। इसके साथ ही मंदिर में लड्डुओं की बिक्री के पुराने सभी रिकॉर्ड टूट गए। टीटीडी ने शुक्रवार को कहा कि उसने जून 2026 में 1.26 करोड़ लड्डू की रिकॉर्ड बिक्री की। पिछले साल के जून से तुलना करें तो इस छह परसेंट से ज्यादा लड्डू बिके हैं। एक प्रेस रिलीज में कहा गया कि तीर्थयात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम ने लड्डू का उत्पादन काफी हद तक बढ़ाया और बिना किसी कमी के बिना रुके लड्डुओं का वितरण पक्का किया।

प्रेस रिलीज में कहा गया है, "जून 2026 में 1.26 करोड़ लड्डुओं की बिक्री एक बड़ी उपलब्धि है। जून 2025 की तुलना में, 7.5 लाख ज्यादा लड्डू बिके, जिससे लड्डुओं की बिक्री में 6.37 परसेंट की बढ़ोतरी हुई।"

2024 की तुलना में 24 लाख लड्डू ज्यादा बिके

पिछले तीन महीनों की तुलना में जून में लड्डू की बिक्री में काफी बढ़ोतरी देखी गई। जून 2024 की तुलना में, लड्डू की बिक्री में 24 लाख से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई। दो साल पुराने आंकड़ों से तुलना करें तो लड्डुओं की बिक्री में 23.5 परसेंट की बढ़ोतरी हुई। अप्रैल 2026 में तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम ने 1.1 करोड़ से ज्यादा लड्डू बेचे। इसके बाद मई 2026 में 1.2 करोड़ से ज्यादा लड्डू बेचे गए।

टीटीडी की प्लानिंग से आसानी

रिलीज में कहा गया है कि तिरुमाला में दर्शन के लिए आने वाले भक्तों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी के साथ तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम लड्डुओं के प्रोडक्शन और डिस्ट्रीब्यूशन की अच्छे से प्लानिंग कर रहा है, ताकि भक्तों को बिना किसी परेशानी के पवित्र प्रसाद मिल सके।

प्रसाद की गुणवत्ता सुधारने के लिए अहम समझौता

तिरुमला तिरुपति देवस्थानम ने अपने खाद्य प्रबंधन तंत्र में वैज्ञानिक मानकों को शामिल करने के लिए वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान परिषद्-केंद्रीय खाद्य प्रौद्योगिक अनुसंधान संस्थान, मैसुरु (सीएसआईआर-सीएफटीआरआई) के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सभी खाद्य सामग्री और प्रसाद उच्चतम गुणवत्ता एवं सुरक्षा मानकों पर खरे उतरें। मंदिर प्रशासन के अनुसार यह समझौता सुरक्षा, पोषण और गुणवत्ता के सबसे उच्च मानकों का पालन करते हुए टीटीडी के भोजन और प्रसाद की पारंपरिक विशेषता को बनाए रखेगा। यह साझेदारी सुरक्षा और गुणवत्ता नियंत्रण को मजबूत करने, प्रणालियों को आधुनिक बनाने, प्रसाद की पारंपरिक विशेषता को बनाए रखने, क्षमता निर्माण और विशेषज्ञों को शामिल करने पर केंद्रित है। 

इन उपायों पर जोर

सुरक्षा और गुणवत्ता नियंत्रण को मजबूत करने के लिए संयुक्त टीम खरीद, तैयारी और वितरण के लिए सख्त गुणवत्ता-नियंत्रण मानक, मानक संचालन प्रक्रिया और निगरानी प्रणालियां विकसित और लागू की जाएंगी। प्रणालियों के आधुनिकीकरण के तहत, सीएसआईआर-सीएफटीआरआई भंडारण, परीक्षण और खरीद प्रक्रियाओं को उन्नत बनाने संबंधी सलाह देगा। साथ ही, संदूषण के जोखिम को कम करने और गुणवत्ता में एकरूपता सुनिश्चित करने के लिए वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित तकनीकों तथा सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों की सिफारिश करेगा। प्रसाद के संरक्षण के लिए अनुसंधान-आधारित पैकेजिंग और शेल्फ-लाइफ बढ़ाने संबंधी उपाय विकसित किए जाएंगे, ताकि उसकी स्थिरता और भंडारण अवधि बढ़ाई जा सके, जबकि उसके पारंपरिक स्वाद, बनावट और सांस्कृतिक महत्व से कोई समझौता न हो।

यह भी पढ़ें-

सोना-चांदी और VVIP दर्शन में होता था बड़ा 'खेला', राम मंदिर चंदा चोरी जांच में क्या खुलासा हुआ

राम मंदिर के बाद बद्रीनाथ धाम में भी चढ़ावा चोरी के आरोप, BKTC चेयरमैन ने जांच समिति बनाई, सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत