1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. तीसरे विश्वयुद्ध के खतरों के बीच G-20 से भारत ने किया बड़ा ऐलान, "न्यूक्लियर हथियारों की धमकी और इस्तेमाल दोनों हैं अस्वीकार्य"

तीसरे विश्वयुद्ध के खतरों के बीच G-20 से भारत ने किया बड़ा ऐलान, "न्यूक्लियर हथियारों की धमकी और इस्तेमाल दोनों हैं अस्वीकार्य"

 Written By: Dharmendra Kumar Mishra
 Published : Sep 09, 2023 05:17 pm IST,  Updated : Sep 09, 2023 05:19 pm IST

भारत ने जी-20 शिखर सम्मेलन में संयुक्त घोषणा पत्र में आम सहमति बनाते हुए बतौर अध्यक्ष दुनिया को बड़ा संदेश देने वाला ऐलान किया है। नई दिल्ली की ओर से आम सहमति से जारी डिक्लेरेशन में रूस-यूक्रेन युद्ध और तीसरे विश्व युद्ध के खतरों के बीच परमाणु हथियारों के इस्तेमाल और धमकी को अस्वीकार्य बताया गया है।

जी-20 बैठक में शामिल विश्व के नेतागण।- India TV Hindi
जी-20 बैठक में शामिल विश्व के नेतागण। Image Source : PTI

भारत ने जी-20 शिखर सम्मेलन में आम सहमति से संयुक्त घोषणा पत्र जारी करने के साथ महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल कर ली है। इस दौरान दुनिया को संदेश देते हुए युद्ध में न्यूक्लियर हथियारों के इस्तेमाल की धमकी और उसके उपयोग को पूरी तरह से अस्वीकार्य बताया गया है। सभी विश्व नेताओं ने सर्वसम्मति से जारी नई दिल्ली के इस घोषणा पत्र को लेकर भारत के संशोधनों का समर्थन किया। जी20 नई दिल्ली नेताओं की घोषणा में, "यूक्रेन में व्यापक, न्यायपूर्ण और स्थायी शांति" की स्थापना का आह्वान किया गया है। इसके अलावा, सदस्य देशों से यह भी आग्रह किया गया है कि वे "क्षेत्रीय अधिग्रहण के लिए बल प्रयोग की धमकी से बचें" या ऐसे किसी भी कार्य से बचें जो किसी भी राष्ट्र की क्षेत्रीय अखंडता को कमजोर कर सकता हो।

घोषणा में इस बात पर भी जोर दिया गया कि परमाणु हथियारों का उपयोग या उपयोग की धमकी को 'अस्वीकार्य' माना जाएगा। "यूक्रेन में युद्ध के संबंध में, बाली में चर्चा को याद करते हुए कहा गया है कि हमने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद और संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपनाए गए अपने राष्ट्रीय पदों और प्रस्तावों को दोहराया और इस बात पर ज़ोर दिया कि सभी राज्यों को संयुक्त राष्ट्र चार्टर के उद्देश्यों और सिद्धांतों के अनुरूप कार्य करना चाहिए। घोषणा पत्र में स्पष्ट कहा गया है कि "संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुरूप सभी राज्यों को किसी भी राज्य की क्षेत्रीय अखंडता और संप्रभुता या राजनीतिक स्वतंत्रता के खिलाफ क्षेत्रीय अधिग्रहण की धमकी या बल के उपयोग से बचना चाहिए। परमाणु हथियारों का उपयोग या उपयोग की धमकी अस्वीकार्य है।

यह भी पढ़ें

G20 पीएम मोदी से गले मिले ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक, यूके और जापान के साथ द्विपक्षीय वार्ता में हुई ये अहम बात

पीएम मोदी और मोहम्मद बिन सलमान करेंगे द्विपक्षीय वार्ता, G-20 के बाद भी सऊदी अरब के प्रिंस इतने दिन रहेंगे भारत में

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत