भारत ने पहलगाम में निहत्थे पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले के बाद अब जवाबी कार्रवाई कर दी है। बुधवार की रात करीब 1.05 बजे से 1.30 बजे तक ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत ने पाकिस्तान और पीओके में 9 आतंकी ठिकानों पर हमला किया। इस हमले में 30 आतंकी मारे गए हैं। वहीं जिन 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया, उनमें से एक कोटली में भी है। कोटली पीओके का ही हिस्सा है। इस हमले को ऑपरेशन सिंदूर नाम दिया गया है। वहीं हमले के बाद भारतीय सेना ने कहा, ‘‘ ये कदम पहलगाम में हुए बर्बर आतंकवादी हमले के मद्देनजर उठाए गए हैं जिसमें 25 भारतीय और एक नेपाली नागरिक की हत्या कर दी गई थी।’’
कोटली में दो ठिकानों को किया ध्वस्त
बता दें कि भारतीय सेना ने कोटली में मौजूद आतंकियों के दो ठिकानों को ध्वस्त किया है। इसमें जैश-ए-मोहम्मद का ठिकान मरकज सैदना हजरत अब्बास बिन अब्दुल मुतालिब (मरकज अब्बास) भी है। ये ठिकाना PoK के मोहल्ला रोली धारा बाईपास रोड में स्थित था। यह मरकज कोटली मिलिट्री कैंप से लगभग 02 किमी दक्षिण-पूर्व में स्थित था। वहीं आतंकियों के दूसरा ठिकाना मस्कर राहील शाहिद था, जो हिजबुल-मुजाहिदीन के द्वारा ऑपरेट किया जा रहा है। यह कोटली के महुली पुली (मीरपुर-कोटली रोड पर महुली नाले पर एक पुल) से लगभग 2.5 किमी की दूरी पर स्थित था। मस्कर राहील शाहिद हिजबुल मुजाहिदीन (HM) के सबसे पुराने केंद्रों में से एक है। यह एक सुनसान जगह है और यहां केवल कच्चे रास्ते से ही पहुंचा जा सकता है। यह कैंप पहाड़ी इलाके में स्थित है और इसमें बैरक, चार कमरे हैं जिनका इस्तेमाल हथियार और गोला-बारूद रखने, कार्यालय और आतंकवादियों के रहने के लिए किया जाता है।
कहां है कोटली?
दरअसल, भारत ने पीओके और पाकिस्तान में 9 आतंकी ठिकानों पर हमला किया है। इन 9 ठिकानों में से एक कोटली भी है, जो कि पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में मौजूद है। कोटली में कई आतंकी कैंप मौजूद हैं। यहीं से पाकिस्तान भारत विरोधी गतिविधियों को अंजाम देता है। बता दें कि कोटली में आतंकियों ने कई ट्रेनिंग कैंप बना रखे हैं, जहां आतंकवादियों को ट्रेनिंग दी जाती है। वहीं ट्रेनिंग के बाद आतंकी संगठन अपने आतंकवादियों को भारत में भेजते हैं। कोटली क्षेत्र में ही मौजूद प्रमुख टेरर कैंप सेंसा, गुलपुर, फागोश और डुबगी शामिल हैं। मुख्य रूप से आतंकी यहीं से भारत में एंट्री करते हैं।
'ऑपरेशन सिंदूर' को सेना ने दिया अंजाम
बता दें कि भारतीय समय के मुताबिक रात 1 बजकर 28 मिनट से 1 बजकर 32 मिनट के बीच सेना ने 9 जगहों पर हमले किए। ये अटैक हवा से जमीन पर हमला करने वाली मिसाइल से किया गया। PoK के लोगों के मुताबिक रात में तेज धमाके की आवाज सुनाई दी और इमारतों में आग धधकती दिखी। भारतीय सेना ने स्ट्राइक को ऑपरेशन सिंदूर नाम दिया है। वहीं ऑपरेशन को अंजाम देते हुए सेना ने कहा- 'न्याय हुआ जय हिंद'। भारतीय सेना ने बयान जारी करते हुए कहा कि इस ऑपरेशन में सिर्फ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया है। किसी भी पाकिस्तानी सेना के ठिकाने को निशाना नहीं बनाया गया।