तिरूवनंतपुरम: केरल विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ कांग्रेस नेतृत्व वाली यूडीएफ की हार के बाद मुख्यमंत्री ओमन चांडी ने आज इस्तीफा दे दिया और इस हार के लिए उन्होंने उनकी सरकार के खिलाफ दुष्प्रचार को जिम्मेदार ठहराया। चांडी ने राजभवन पहुंचकर राज्यपाल पी सदाशिवम को अपना इस्तीफा सौंपा। बाद में संवाददाताओं से बात करते हुए चांडी ने बताया कि वैकल्पिक व्यवस्था होने तक राज्यपाल ने उन्हें मुख्यमंत्री पद पर बने रहने के लिए कहा है।
चांडी ने कहा कि पिछले पांच साल में उन्होंने कई चुनौतियों का सामना किया और कांग्रेस एवं लोकतांत्रिक मोर्चे ने उन्हें पूरा समर्थन दिया। उन्हें जनता का समर्थन भी मिला। विधानसभा में नेता विपक्ष का कार्यभार नहीं संभाले जाने को लेकर मीडिया में आ रही रिपोर्टों पर ओमन चांडी ने कहा कि इस संबंध में उनके विचार स्पष्ट हैं जिसके बारे में वह पार्टी हाईकमान को सूचित करेंगे।
उन्होंने कहा कि सरकार के खिलाफ कई दुष्प्रचार किए गए, जिससे उबरने में पार्टी नाकाम रही। चांडी ने कहा कि यह जनता का समर्थन ही है कि चुनाव में संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) के 14 मंत्री चुनकर आए। लेकिन मीडिया ने केवल चार मंत्रियों की हार को प्रचारित किया।
उन्होंने कहा, सरकार के खिलाफ दुष्प्रचार, विभाजनकारी ताकतों की सक्रियता और अंदर ही अंदर मजबूत लहर चलने के कारण यूडीएफ की हार हुई। बहरहाल, उन्होंने कहा कि इसके लिए वह जनता को जिम्मेदार नहीं ठहरा रहे हैं। इसके अलावा सरकार अपनी उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाने में भी नाकाम रही।