1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. पंजाब: सिद्धू की कैप्टन को लिखी चिट्ठी पर AAP का हमला, कहा- नाटक बंद कर किसानों की समस्या सुलझाएं

पंजाब: सिद्धू की कैप्टन को लिखी चिट्ठी पर AAP का हमला, कहा- नाटक बंद कर किसानों की समस्या सुलझाएं

 Written By: Bhasha
 Published : Sep 13, 2021 10:11 pm IST,  Updated : Sep 13, 2021 10:11 pm IST

आम आदमी पार्टी (आप) ने सोमवार को पंजाब की कांग्रेस इकाई के अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू की मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह को लिखी चिट्ठी के मुद्दे पर आलोचना करते हुए कहा कि उन्हें ‘नाटक’ बंद कर देना चाहिए और यथाशीघ्र किसानों के मुद्दों को सुलझाना चाहिए।

नवजोत सिंह सिद्धू और कैप्टन अमरिंदर सिंह- India TV Hindi
नवजोत सिंह सिद्धू और कैप्टन अमरिंदर सिंह Image Source : PTI

चंडीगढ़: आम आदमी पार्टी (आप) ने सोमवार को पंजाब की कांग्रेस इकाई के अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू की मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह को लिखी चिट्ठी के मुद्दे पर आलोचना करते हुए कहा कि उन्हें ‘नाटक’ बंद कर देना चाहिए और यथाशीघ्र किसानों के मुद्दों को सुलझाना चाहिए। उल्लेखनीय है कि सिद्धू ने रविवार को अमरिंदर सिंह को पत्र लिखकर किसानों खिलाफ प्रदर्शन के दौरान दर्ज ‘अनुचित प्राथमिकी’ को वापस लेने सहित अन्य मुद्दों पर कदम उठाने की मांग की थी। 

पंजाब विधानसभा में आप विधायक दल के नेता हरपाल सिंह चीमा ने पत्र के लिए सिद्धू की आलोचना करते हुए इसे ‘खबरों में रहने का हथकंडा’ करार दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता खासतौर पर सिद्धू ऐसा व्यवहार कर रहे हैं जैसे वह विपक्ष में हैं। पंजाब विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चीमा ने यहां जारी बयान में कहा कि सिद्धू को पंजाब के मुद्दों और किसानों की समस्याओं पर ‘चिट्ठियों का खेल’ बंद करना चाहिए और उनकी पार्टी की सरकार द्वारा उनका समाधान करना चाहिए। 

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को पत्र लिखने से सिद्धू का प्रचार तो होता है लेकिन किसानों के मुद्दे अनसुलझे ही रहते हैं। चीमा ने क्रिकेट से राजनीति में आए सिद्धू से कहा कि वह ‘नाटक’ बंद करें और सत्तारूढ़ दल के नेता की तरह व्यवहार करें अन्यथा पंजाब की जनता कभी उन्हें माफ नहीं करेगी। उन्होंने कहा, ‘‘अगर नवजोत सिंह सिद्धू किसान नेताओं के साथ अपनी बैठक में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी की ओर से पुख्ता वादे या नीति के साथ नहीं जा सके, तो उन्होंने वहां क्या किया।’’ 

चीमा ने कहा कि आप नेताओं ने किसानों के विचार जानने के बाद उनका समर्थन करने का फैसला किया, सिद्धू क्यों ऐसा नहीं कर सके। गौरतलब है कि 32 किसान संगठनों के नेताओं ने भाजपा को छोड़ सभी राजनीतिक दलों के साथ 10 सितंबर को बैठक की थी।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत