1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा, 'राहुल गांधी ने भारतीय राजनीतिज्ञ की छवि को गंभीर नुकसान पहुंचाया'

वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा, 'राहुल गांधी ने भारतीय राजनीतिज्ञ की छवि को गंभीर नुकसान पहुंचाया'

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Jul 21, 2018 06:46 pm IST,  Updated : Jul 21, 2018 06:46 pm IST

केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने आज कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष ने विश्व के समक्ष किसी भारतीय राजनीतिज्ञ की छवि को गंभीर नुकसान पहुंचाया है।

Arun jaitley- India TV Hindi
Arun jaitley

नयी दिल्ली: राहुल गांधी पर फ्रांसीसी राष्ट्रपति एमैनुएल मैक्रों के साथ बातचीत की कहानी गढ़ने का आरोप लगाते हुए केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने आज कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष ने विश्व के समक्ष किसी भारतीय राजनीतिज्ञ की छवि को गंभीर नुकसान पहुंचाया है। मोदी सरकार के खिलाफ कल लोकसभा में अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा करते हुए गांधी ने कहा था कि मैक्रों ने उन्हें बताया कि राफेल सौदे में कोई बाध्यकारी गोपनीयता नियम नहीं है। फ्रांस सरकार ने उनके इस बयान को खारिज किया। 

अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा को महत्वहीन बनाया

जेटली ने एक फेसबुक पोस्ट में कहा, ‘‘राहुल गांधी ने राष्ट्रपति मैक्रों के साथ बातचीत की कहानी गढ़कर अपनी खुद की विश्वसनीयता को कम किया है और विश्व के समक्ष किसी भारतीय राजनीतिज्ञ की छवि को गंभीर नुकसान पहुंचाया है।’’ मंत्री ने कांग्रेस अध्यक्ष पर यह आरोप भी लगाया कि उन्होंने अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा को महत्वहीन बना दिया। जेटली ने अपने पोस्ट में कहा कि चर्चा में शामिल अग्रणी प्रतिभागी आम तौर पर वरिष्ठ नेता होते हैं। उनसे राजनीतिक चर्चा का स्तर उठाने की उम्मीद की जाती है। 

तथ्यों में विश्वसनीयता झलकनी चाहिए
उन्होंने कहा, ‘‘सरकार के खिलाफ अविश्वास मत एक गंभीर कार्य होता है। यह अगंभीरता का मौका नहीं होता है।’’ मंत्री ने कहा कि यदि चर्चा में शामिल कोई प्रतिभागी किसी राष्ट्रीय दल का अध्यक्ष हो और जिसकी प्रधानमंत्री बनने की आकांक्षा हो तो उसके द्वारा बोला गया एक - एक शब्द कीमती होना चाहिए। उसके तथ्यों में विश्वसनीयता झलकनी चाहिए। 

भगवान उनकी पार्टी की मदद करें
राजग सरकार को कल संसद में विपक्ष के अविश्वास प्रस्ताव का सामना करना पड़ा। लोकसभा में सरकार ने 126 के मुकाबले 325 मतों से प्रस्ताव जीत लिया। गांधी ने प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान अपने भाषण में सरकार पर जमकर हमला बोला और राफेल सौदे पर सवाल उठाए। उन्होंने प्रधानमंत्री से पूछा कि उन्होंने सौदे में कथित तौर पर क्यों एक खास कारोबारी का पक्ष लिया। यह उल्लेख करते हुए कि गांधी एक बड़े अवसर से चूक गए, जेटली ने कहा, ‘‘यदि 2019 के लिए यह उनका सर्वश्रेष्ठ तर्क है तो भगवान उनकी पार्टी की मदद करें।’’ 

गलत उद्धरण नहीं देना चाहिए
राहुल गांधी पर हमला करते हुए जेटली ने कहा कि समझ की कमी न सिर्फ आधारभूत मुद्दों तक सीमित है, बल्कि प्रोटोकाल की बारीकियों के बारे में भी। 
मंत्री ने कहा, ‘‘किसी को भी किसी सरकार प्रमुख या राष्ट्र प्रमुख के साथ वार्ता के बारे में कभी भी गलत उद्धरण नहीं देना चाहिए। आपके एक बार यह करने पर गंभीर लोग आपसे या आपकी मौजूदगी में बातचीत नहीं करना चाहेंगे।’’
 
राहुल तथ्यों से अवगत नहीं
राफेल लड़ाकू विमान सौदे की गोपनीयता के बारे में गांधी के आरोपों पर जेटली ने कहा कि खुद संप्रग सरकार ने ही गोपनीयता समझौता किया था। जेटली ने कहा, ‘‘राहुल ने बार - बार यह दर्शाया है कि वह तथ्यों से अवगत नहीं हैं। वित्तीय ब्यौरा जो अप्रत्यक्ष रूप से विमान में लगे सामरिक उपकरणों से जुड़ा है, पर जोर देना राष्ट्र हित को नुकसान पहुंचाने वाला होता है। कीमत से विमान में लगी हथियार प्रणाली के बारे में संकेत मिल जाता है।’’ 

उन्होंने कहा कि कोई भी मंत्री ऐसा नहीं जो भारत के संविधान को बदलने की इच्छा रखता हो या वह संवैधानिक रूप से ऐसा करने का हकदार हो। पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत इंदिरा गांधी का हवाला देते हुए जेटली ने कहा कि संविधान को बदलने के लिए शक्ति चाहने वाली आखिरी नेता राहुल की दादी थीं और ‘‘वह भी विफल हुईं।’’ गांधी पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि विभ्रम किसी व्यक्ति को क्षणिक सुख दे सकता है। 

जेटली ने कहा, ‘‘इसलिए, शर्मनाक प्रदर्शन के बाद यह विभ्रम होना कि वह भविष्य का चुनाव जीत चुके हैं या यह विभ्रम होना कि वह मार्क एंटनी के अवतार हैं जिसकी मित्रों और शत्रुओं द्वारा समान रूप से प्रशंसा की जा रही है, उन्हें स्व-संतोष दे सकता है, लेकिन गंभीर पर्यवेक्षकों के लिए यह महज आत्म प्रशंसा से ज्यादा है।’’ 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत