1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. भारत एकीकृत कंपनियों का समर्थन करता है पर एकाधिकार के खिलाफ : प्रधान

भारत एकीकृत कंपनियों का समर्थन करता है पर एकाधिकार के खिलाफ : प्रधान

 Written By: Manish Mishra
 Published : Mar 07, 2017 11:36 am IST,  Updated : Mar 07, 2017 11:36 am IST

धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि भारत सरकारी क्षेत्र में एकीकृत कंपनियों के गठन का समर्थक है लेकिन सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि इससे किसी एक इकाई का एकाधिकार न हो।

भारत एकीकृत कंपनियों का समर्थन करता है पर एकाधिकार के खिलाफ : प्रधान- India TV Hindi
भारत एकीकृत कंपनियों का समर्थन करता है पर एकाधिकार के खिलाफ : प्रधान

ह्यूस्टन। पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि भारत सार्वजनिक क्षेत्र में एकीकृत कंपनियों के गठन का समर्थन करता है। लेकिन सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि इस कदम से किसी एक इकाई का एकाधिकार नहीं हो जाए।

प्रधान ने सीईआरए वीक सम्मेलन के दौरान अलग से बातचीत में कहा कि हमारे यहां कई कंपनियां हैं। अब भारत में जिस प्रकार का मजबूत बाजार उभर रहा है, उसको देखते हुए हम एकीकृत कंपनियां चाहते हैं। निश्चित तौर पर मैं एक चीज के लिए आश्वस्त कर सकता हूं कि एक से अधिक इकाइयां होंगी।

यह भी पढ़ें :शहरी विकास मंत्री वेंकैया नायडू ने कहा, सस्ते मकानों को GST के तहत सेवा कर से मिले छूट

  • एक सप्ताह चलने वाले सम्मेलन में तेल एवं प्राकृतिक गैस उद्योग से जुड़े दिग्गज और प्रमुख तेल उत्पादक एवं उपभोक्ता देशों के मंत्री भाग ले रहे हैं।
  • प्रधान ONGC, IOC तथा GAIL जैसी सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों के विलय के बारे में रिपोर्ट पर पूछे गए सवालों के जवाब दे रहे थे।
  • केंद्र सरकार ने बजट में कंपनियों के विलय और एक इकाई गठित करने की घोषणा की है।
  • हालांकि, प्रधान ने सार्वजनिक क्षेत्र की इन बड़ी इकाइयों के विलय के बारे में सीधे तौर पर कुछ नहीं कहा।
  • पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस राज्यमंत्री ने कहा, सरकार ने केवल दिशानिर्देश दिया है।
  • अब इन कंपनियों को आगे के रास्ते के बारे में निर्णय करना है।

यह भी पढ़ें :सरकार ने SBI समेत सभी बैंकों से कहा, अकाउंट में मिनिमम बैलेंस और अन्य फैसलों पर बैंक करें पुनर्विचार

उन्होंने कहा कि हम खोज एवं उत्पाद से लेकर रिफाइनिंग क्षेत्र में एकीकृत कंपनी सृजित करना चाहते हैं। इसमें कुछ मध्यम स्तर की और कुछ बड़ी कंपनियां होंगी। प्रधान ने कहा कि सरकार उभरते उर्जा बाजार में ज्यादा समन्वय के लिये कुछ खंड सृजित करना चाहती है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा