नई दिल्ली। किराना डिलिवरी स्टार्टअप कंपनी मिल्कबास्केट ने मंगलवार को कहा कि उसने यूनिलीवर वेंचर्स की अगुवाई में मेफील्ड इंडिया, कलारी कैपिटल और ब्लूम वेंचर्स और कुछ अन्य भारतीय इकाइयों से 1.05 करोड़ डॉलर (लगभग 72.73 करोड़ रुपए) की अतिरिक्त राशि जुटाई है।
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मिल्कबास्केट के सह संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी अनंत गोयल ने बयान में कहा कि उद्योग जगत में कई कंपनियां हमारे मॉडल को अपना रही हैं, लेकिन यह वित्तपोषण हमारा अब तक का सबसे बड़ा वित्तीय निवेश है, जो हमारे मजबूत निष्पादन, हमारे कार्यदल तथा मिल्कबास्केट के विकास के प्रति हमारे निवेशकों के सतत भरोसे को दर्शाता है।
मिल्कबास्केट ने कहा कि उसका 8,500 से अधिक स्टॉक कीपिंग इकाइयों की व्यापक श्रृंखला से गैर-दुग्ध उत्पादों से 70 प्रतिशत से अधिक राजस्व आता है। कंपनी ने पिछले छह-सात महीनों के भीतर भारत भर के चार शहरों में अपनी सेवाएं शुरू की हैं।
गोयल ने कहा कि हम लगातार और निश्चित रूप से वर्ष 2021 तक एक अरब डॉलर के वार्षिक आवर्ती राजस्व प्राप्त करने के अपने लक्ष्य की ओर बढ़ रहे हैं। वर्ष 2015 में शुरू हुई मिल्कबास्केट ने अब तक मेफील्ड एडवाइजर्स, बेनेक्स, कलारी कैपिटल, यूनिलीवर वेंचर्स, लेनोवो कैपिटल (एलसीआईएच), ब्लूम वेंचर्स और कुछ इकाइयों से इक्विटी फंडिंग (इक्विटी वित्तपोषण) से 2.6 करोड़ डॉलर (लगभग 180 करोड़ रुपए) जुटाए हैं।