घरेलू एयरलाइन और देश की सबसे बड़ी एयरलाइन कंपनी इंडिगो चालू वित्त वर्ष में लंदन और एथेंस सहित कुल 10 इंटरनेशनल डेस्टिनेशंस के लिए डायरेक्ट फ्लाइट शुरू करन की तैयारी में है। पीटीआई की खबर के मुताबिक, शुक्रवार को इसके सीईओ पीटर एल्बर्स ने यह बात कही। इंडिगो के दूसरे डेस्टिनेशंस में एम्स्टर्डम (नीदरलैंड), मैनचेस्टर (यूके), कोपेनहेगन (डेनमार्क) सिएम रीप (कंबोडिया) और मध्य एशिया के चार स्थान के लिए भी डायरेक्ट फ्लाइट की शुरुआत करेगी।
मुंबई से मैनचेस्टर और एम्स्टर्डम के लिए डायरेक्ट फ्लाइट
खबर के मुताबिक, इंडिगो जुलाई में पट्टे पर लिए गए बोइंग 787-9 विमानों के साथ मुंबई से मैनचेस्टर और एम्स्टर्डम के लिए डायरेक्ट फ्लाइट ऑपरेट करना शुरू करेगी और यूके (ब्रिटेन) के शहरों के लिए सेवाएं एयरलाइन की लंबी दूरी की शुरुआत भी होंगी। राष्ट्रीय राजधानी में एक ब्रीफिंग में एल्बर्स ने कहा कि भारतीय विमानन में बहुत बड़ा अवसर है, जहां बढ़ती मांग को बुनियादी ढांचे के विस्तार से समर्थन मिल रहा है।
इंडिगो का बेड़ा कितना बड़ा है?
आपको बता दें, इंडिगो के पास 430 से अधिक विमानों का बेड़ा है और यह 90 से अधिक घरेलू और 40 इंटरनेशनल डेस्टिनेशंस के लिए उड़ान भरती है। 10 अरब अमेरिकी डॉलर की इनकम वाली कंपनी इंडिगो 90 से ज्यादा घरेलू और 40 इंटरनेशनल डेस्टिनेशंस के लिए उड़ान भरती है। यह 430 से अधिक विमानों के बेड़े के साथ प्रतिदिन 2,300 से अधिक उड़ानें संचालित करती है। एल्बर्स ने कहा कि भारत को कनेक्टिंग फ्लाइट्स के लिए एक बेहतरीन स्थान बनाने का भी एक बड़ा अवसर है, क्योंकि उन्होंने देश की अंतरराष्ट्रीय हब बनने की क्षमता पर है।
भारत के इंटरनेशनल ट्रैफिक में इंडिगो की कितनी हिस्सेदारी है?
मौजूदा समय में, भारतीय एयरलाइन इंडिगो भारत के अंतरराष्ट्रीय यातायात का 45 प्रतिशत हिस्सा हैं, जबकि शेष 55 प्रतिशत विदेशी एयरलाइनों द्वारा सेवा प्रदान की जाती है। उन्होंने यह भी कहा कि एयरलाइन में महिला पायलटों की संख्या सबसे अधिक है, जो कुल पायलट क्षमता का लगभग 15 प्रतिशत है। इंडिगो जून में राष्ट्रीय राजधानी में अंतर्राष्ट्रीय वायु परिवहन संघ (आईएटीए) की 81वीं वार्षिक आम बैठक की मेजबानी भी करेगी। एजीएम 42 सालों के बाद भारत में हो रही है।






































