राजस्थान में डीडवाना-कुचामन जिले के राजकीय जिला अस्पताल, कुचामन सिटी में मोतियाबिंद ऑपरेशन के बाद सात मरीजों की आंखों में पोस्ट सर्जिकल संक्रमण (इन्फेक्शन) की आशंका का मामला सामने आया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी सात मरीजों को बेहतर उपचार के लिए जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल रेफर किया गया है। वहीं, एहतियात के तौर पर अस्पताल के नेत्र रोग विभाग के ऑपरेशन थिएटर को सीज कर दिया गया है तथा पूरे मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं।
जानकारी के अनुसार 28 जुलाई को राजकीय जिला अस्पताल कुचामन सिटी के नेत्र विभाग में सात मरीजों के मोतियाबिंद के ऑपरेशन किए गए थे। ऑपरेशन के अगले दिन नियमित जांच के दौरान मरीजों की आंखों में असामान्य लक्षण दिखाई दिए। विस्तृत परीक्षण में ऑपरेशन वाली आंखों में संक्रमण की आशंका सामने आई। प्रारंभ में पांच मरीजों को तत्काल सवाई मानसिंह अस्पताल जयपुर भेजा गया, जबकि शेष दो मरीजों को भी बाद में रेफर कर दिया गया।
कलेक्टर अवधेश मीणा ने लिया एक्शन
मामले की सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर अवधेश मीणा ने तुरंत संज्ञान लेते हुए कुचामन उपखंड अधिकारी सुरेंद्र सिंह चौधरी को जिला अस्पताल भेजा। एसडीएम ने अस्पताल पहुंचकर प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. बलबीर ढाका, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. राजकुमारी तथा डॉ. विनोद से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। इसके बाद नियमानुसार नेत्र रोग विभाग के ऑपरेशन थिएटर को सीज करवाया गया। चिकित्सा विभाग की जांच टीम के आने के बाद ऑपरेशन थिएटर और पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच की जाएगी।
जांच के लिए मेडिकल बोर्ड गठित
जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल में मरीजों के पहुंचने के बाद कार्यवाहक अधीक्षक डॉ. आर.के. जैन ने मामले की जांच के लिए मेडिकल बोर्ड का गठन किया है। नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. नगेंद्र सिंह शेखावत के निर्देशन में गठित बोर्ड में मेडिकल विभागाध्यक्ष डॉ. एम.के. अग्रवाल, वरिष्ठ आचार्य डॉ. पंकज शर्मा तथा डॉ. मनीष शर्मा को शामिल किया गया है। वहीं, सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. दीपक माहेश्वरी ने भी अस्पताल पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की फैक्ट रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। चिकित्सकों के अनुसार मरीजों की आंखों की स्थिति पर लगातार विशेषज्ञों की निगरानी रखी जा रही है।
जांच के बाद साफ होगी स्थिति
राजकीय जिला अस्पताल के प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. बलबीर ढाका ने बताया कि जैसे ही संक्रमण की जानकारी मिली, मरीजों को बिना देरी किए उच्च स्तरीय उपचार के लिए जयपुर रेफर किया गया। वहीं नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. राजकुमारी और डॉ. विनोद ने बताया कि सभी ऑपरेशन निर्धारित प्रोटोकॉल और पूरी सावधानी के साथ किए गए थे। फिलहाल संक्रमण के कारणों का पता नहीं चल पाया है और जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
नेत्र विभाग का ऑपरेशन थिएटर सीज
उपखंड अधिकारी सुरेंद्र सिंह चौधरी ने बताया कि 28 जुलाई को हुए मोतियाबिंद ऑपरेशन के बाद कुछ मरीजों में आंखों की परेशानी सामने आने पर उन्हें तत्काल जयपुर रेफर किया गया। उन्होंने बताया कि अब सभी सात मरीजों को सवाई मानसिंह अस्पताल भेज दिया गया है। एहतियात के तौर पर नेत्र रोग विभाग के ऑपरेशन थिएटर को सीज कर दिया गया है और चिकित्सा विभाग की जांच टीम पूरे मामले की जांच करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि कुचामन के राजकीय जिला अस्पताल में इस वर्ष अब तक 700 से अधिक मोतियाबिंद ऑपरेशन सफलतापूर्वक किए जा चुके हैं और इस प्रकार की घटना पहली बार सामने आई है।
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