1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. चीन के अत्याचार का शिकार हुआ पाकिस्तानी, उइगर पत्नी और बेटा हिरासत में, बेटियां अनाथालय में

चीन के अत्याचार का शिकार हुआ पाकिस्तानी, उइगर पत्नी और बेटा हिरासत में, बेटियां अनाथालय में

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Sep 26, 2020 06:11 pm IST,  Updated : Sep 26, 2020 06:11 pm IST

ताजा मामला सिकंदर हयात नाम के शख्स का है, जिसकी उइगर पत्नी और बेटे को चीन की सरकार ने डिटेंशन कैंप में डाल रखा है।

China Pakistan Muslims, Pakistan Muslim Victim China, Pakistan Muslim China, Pakistan Muslim- India TV Hindi
  सिकंदर को आए फोन पर बताया गया कि कुछ चीनी अधिकारी उनकी पत्नी को लेकर डिटेंशन कैंप गए हैं। Image Source : AP REPRESENTATIONAL

इस्लामाबाद: यूं तो चीन में उइगर मुसलमानों पर होने वाले अत्याचारों के किस्से आम हैं, पर कभी-कभी पाकिस्तानी नागरिक भी इसके लपेटे में आ जाते हैं। ताजा मामला सिकंदर हयात नाम के शख्स का है, जिसकी उइगर पत्नी और बेटे को चीन की सरकार ने डिटेंशन कैंप में डाल रखा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हालात कुछ ऐसे हो गए हैं कि हयात की बेटियों को अनाथालय में रहने के लिए मजबूर होना पड़ा है। सिकंदर हयात सिर्फ इसलिए बाहर रह गए क्योंकि वह पाकिस्तानी नागरिक हैं। इस तरह देखा जाए तो चीन की सरकार की नीतियों के चलते एक पाकिस्तानी का पूरा परिवार बिखर चुका है।

शिनजियांग की महिला से की थी शादी

न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सिकंदर हयात ने चीन के शिनजियांग की एक महिला से शादी की थी। उस समय हयात चीन में ही रह रहे थे। बाद में अल्पसंख्यकों पर हो रहे चीन के अत्याचारों से तंग आकर उन्होंने 2017 में अपने बेटे अराफात के साथ बॉर्डर पार किया और अपने वतन पाकिस्तान आ गए। उन्हें पाकिस्तान आए अभी कुछ ही दिन हुए थे कि चीन से एक फोन कॉल आई। उस कॉल के बाद उनकी जिंदगी कुछ ऐसी बिखरी कि आज तक संवर नहीं पाई है।

क्या कहा गया था चीन से आए फोन पर?
सिकंदर को आए फोन पर बताया गया कि कुछ चीनी अधिकारी उनकी पत्नी को लेकर डिटेंशन कैंप गए हैं। फोन पर उनके रिश्तेदारों ने यह भी कहा कि उन्हें और उनके बेटे को भी पूछताछ के लिए बुलाया गया है। सिकंदर तुरंत अपने बेटे के साथ चीन के लिए निकल पड़े, और डिटेंशन कैंप पहुंचे। यहां सिकंदर हयात को तब एक और बड़ा झटका लगा जब उनके बेटे को भी उइगर होने के चलते गिरफ्तार कर लिया गया। तब उनसे कहा गया था कि एक-दो सप्ताह में उनके बेटे को छोड़ दिया जाएगा, लेकिन 2017 से आज तक वह वक्त नहीं आ पाया।

अपने परिवार की याद में दिन गुजार रहे हयात
2017 से सिकंदर हयात सिर्फ अपने परिवार की यादों के सहारे जी रहे हैं। उनकी बेटियां अनाथालय में हैं, बेटा डिटेंशन कैंप में है, पत्नी भी चीनी सरकार की हिरासत में है। यह कहानी सिर्फ सिकंदर हयात की नहीं बल्कि लाखों उइगर मुस्लिमों और उनसे ताल्लुक रखने वाले लोगों की है। फिलहाल सिकंदर की अपने परिवार से मुलाकात की उम्मीद दूर-दूर तक नजर नहीं आ रही। फिर भी, उम्मीद पर दुनिया कायम है और सिकंदर भी फिलहाल यही सोच रहे होंगे।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश