1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. हिरोशिमा त्रासदी की दर देख पिघला जो बाइडेन का दिल, अमेरिकी दंश से आहत हो कर डाला ये बड़ा ऐलान

हिरोशिमा त्रासदी की दर देख पिघला जो बाइडेन का दिल, अमेरिकी दंश से आहत हो कर डाला ये बड़ा ऐलान

 Edited By: Dharmendra Kumar Mishra
 Published : May 20, 2023 02:52 pm IST,  Updated : May 20, 2023 02:52 pm IST

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान 1945 में अमेरिका द्वारा जापान के हिरोशिमा और नागासाकी में गिराए गए परमाणु बम से हुई त्रासदी की यादें उस वक्त ताजा हो गईं, जब राष्ट्रपति जो बाइडेन हमले की दर पर पहुंचे।

हिरोशिमा में अमेरिकी राष्ट्रपति समेत अन्य नेता- India TV Hindi
हिरोशिमा में अमेरिकी राष्ट्रपति समेत अन्य नेता Image Source : PTI

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान 1945 में अमेरिका द्वारा जापान के हिरोशिमा और नागासाकी में गिराए गए परमाणु बम से हुई त्रासदी की यादें उस वक्त ताजा हो गईं, जब राष्ट्रपति जो बाइडेन हमले की दर पर पहुंचे। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान अमेरिकी परमाणु बम से हुई तबाही से जुड़े एक संग्रहालय का दौरा किया। अमेरिकी दंश से हुई इस त्रासदी की तस्वीरें देख जो बाइडन का दिल पिघल गया। इस दौरान उन्होंने आने वाले समय में दुनिया को परमाणु हथियारों से मुक्त बनाने के प्रयास का संकल्प कर डाला।

बता दें कि दुनिया के पहले परमाणु हमले का दंश झेल चुके हिरोशिमा की यात्रा करने वाले बराक ओबामा के बाद बाइडेन दूसरे अमेरिकी राष्ट्रपति हैं। जापान की ‘क्योदो’ समाचार एजेंसी ने शनिवार को जानकारी दी कि, बाइडेन और अन्य जी-7 नेताओं ने हिरोशिमा ‘पीस मेमोरियल म्यूजियम’ का दौरा किया। बाइडेन के साथ ब्रिटेन, फ्रांस सहित जी-7 के अन्य सदस्य देशों के नेता भी वहां पहुंचे। बाइडेन ने संग्रहालय की अतिथि पुस्तिका में लिखा, ‘‘इस संग्रहालय की कहानियां हमें शांतिपूर्ण भविष्य के निर्माण के हमारे सभी दायित्वों की याद दिलाती रहें।’’ उन्होंने कहा, ‘‘एक साथ हम उस दिन की ओर बढ़ें जब हम अंततः और हमेशा के लिए दुनिया को परमाणु हथियारों से मुक्त बना देंगे। विश्वास रखें ऐसा होगा। संग्रहालय में पीड़ितों के सामान, तस्वीरों और अन्य सामग्रियों को प्रदर्शित किया गया है, जो छह अगस्त 1945 को हिरोशिमा पर अमेरिकी परमाणु बम गिराए जाने की भयावहता को दर्शाते हैं।

हमले में 1 लाख 40 हजार से अधिक लोगों की गई थी जान

इस हमले में 1945 के अंत तक 1,40,000 लोगों के मारे जाने का अनुमान है। वहीं नौ अगस्त को दक्षिण-पश्चिमी जापान के नागासाकी पर दूसरा परमाणु बम गिराया गया था और छह दिन बाद जापान ने आत्मसमर्पण कर दिया था, जिससे द्वितीय विश्व युद्ध समाप्त हुआ। संग्रहालय से निकलने के बाद बाइडेन ने उद्यान (पार्क में) में कोई बयान नहीं दिया। उन्होंने अन्य जी-7 नेताओं के साथ उद्यान में परमाणु बम पीड़ितों के स्मारक पर माल्यार्पण समारोह में हिस्सा लिया। इस बीच प्रथम महिला जिल बाइडेन ने संग्रहालय की अतिथि पुस्तक में लिखा, ‘‘जी-7 के अवसर पर जैसा कि हम शांतिपूर्ण तथा स्वतंत्र दुनिया का निर्माण करना जारी रखने के लिए एकत्रित हुए हैं। यह संग्रहालय हमें हमारे उद्देश्य की याद दिलाता है। गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए धन्यवाद।’’ अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबाम 2016 में जी-7 शिखर सम्मेलन से इतर ही हिरोशिमा के इस संग्रहालय में आए थे।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश