न्यू जर्सी: रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप का नाम आए दिन मीडिया में किसी ना किसी कारण के आता ही रहता है। कभी उनकी कही कोई बात विवाद का कारण बन जाती है तो कभी उनके समर्थक बखेड़ा कर देते हैं। हाल ही में उनके एक समर्थक की ओर से एक सिख अमेरिकी नेता को ‘आतंकी’ कह दिया था। इसके बाद इस नेता ने कहा कि राष्ट्रपति पद के लिए रिपब्लिकन पार्टी के इस संभावित उम्मीदवार के ‘भाषणों’ ने अमेरिका में अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ ‘भय के माहौल’ को और भी बिगाड़ दिया है।
काउंसिलमैन रविंदर भल्ला ने एक लेख में कहा है कि डर और विभाजन ने कभी भी लोगों के मतभेद सुलझाने की दिशा में काम नहीं किया है और किसी भी स्थानीय या राष्ट्रीय लोक अधिकारी को ऐसा करने के लिए नहीं कहा जाना चाहिए।’ भल्ला ने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप और अन्य लोग विदेशियों के प्रति डर पैदा करने वाली राजनीतिक भाषणबाजी को लगातार सार्वजनिक चर्चा में लेकर आ रहे हैं इसलिए देशभर में अल्पसंख्यक समुदायों के प्रति डर का माहौल नाटकीय ढंग से बिगड़ गया है।
अपनी बात पूरी करते हुए भल्ला ने कहा कि‘अमेरिका प्रवासियों का देश हैं, जहां हर नई लहर ने देश को मजबूत और पुनर्जीवित किया है।' पिछले हफ्ते भल्ला ने अपने शहर में नई बाइक लेनों के बारे में ट्वीट किया था जिसके बाद उन्हें ट्रंप के एक समर्थक रॉबर्ट डुबेनेजिक ने आतंकी कहकर पुकारा था। डुबेनेजिक ने लिखा ‘होबोकेन ने इस तरह के लोगों को काउंसिलमैन बनने कैसे दिया? इन्हें तो अमेरिका में रहने की अनुमति भी नहीं मिलनी चाहिए..आतंकी।’ भल्ला ने तुरंत ही जवाब दिया‘श्रीमान, मेरा जन्म और परवरिश अमेरिका में हुई। आप वाकई नहीं जानते कि अमेरिकी होने का मतलब क्या है..अज्ञानी।’