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पाकिस्तान को इस वजह से 45 करोड़ डॉलर दे रहा अमेरिका, भारत की नाराजगी के बाद किया फैसले का बचाव, आखिर क्या कारण बताया?

 Edited By: Shilpa
 Published : Sep 28, 2022 07:21 am IST,  Updated : Sep 28, 2022 02:38 pm IST

Pakistan US F-16: अमेरिका की यात्रा पर आए विदेश मंत्री एस जयशंकर ने इस फैसले पर सवाल उठाया था। अमेरिका के विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने इस मुद्दे पर सवालों के जवाब में कहा, यह पाकिस्तान के पास लंबे समय से मौजूद एफ-16 के लिए रखरखाव से संबंधित है।

US President Joe Biden- India TV Hindi
US President Joe Biden Image Source : INDIA TV

Highlights

  • पाकिस्तान को बड़ी रकम दे रहा अमेरिका
  • भारत ने इस मामले में जताई है नाराजगी
  • अमेरिका ने अपने फैसले का बचाव किया

Pakistan US F-16: अमेरिका ने पाकिस्तान को एफ-16 लड़ाकू विमान के बेड़े के रखरखाव के लिए 45 करोड़ डॉलर की वित्तीय सहायता को मंजूरी देने के फैसले का बचाव करते हुए कहा कि ‘स्पष्ट’ आतंकवादी खतरों से निपटने की इस्लामाबाद की क्षमता बढ़ाने के लिए विमानों का ‘रखरखाव’ सुनिश्चित करने के वास्ते सैन्य उपकरण उपलब्ध कराना ‘हमारा दायित्व’ है। इस महीने की शुरुआत में अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के फैसले को पलटते हुए पाकिस्तान को एफ-16 लड़ाकू विमान के बेड़े के रखरखाव के लिए 45 करोड़ डॉलर की वित्तीय सहायता को मंजूरी दी थी।

अमेरिका की यात्रा पर आए विदेश मंत्री एस जयशंकर ने इस फैसले पर सवाल उठाया था। अमेरिका के विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने इस मुद्दे पर सवालों के जवाब में कहा, ‘यह पाकिस्तान के पास लंबे समय से मौजूद एफ-16 के लिए रखरखाव से संबंधित है। इनमें कुछ नया नहीं है, बल्कि उसके (पाकिस्तान के) पास जो मौजूद है उसे बरकरार रखा जा रहा है। हमारी जिम्मेदारी और दायित्व है कि हम जिसे सैन्य उपकरण उपलब्ध कराएं, उसका रखरखाव भी किया जाए। यह हमारा दायित्व है।’

जयशंकर के साथ एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में ब्लिंकन ने कहा, ‘पाकिस्तान से ही पैदा होने वाले आतंकवाद के स्पष्ट खतरे हैं और चाहे तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान हो, चाहे आईएस या अल-कायदा, मुझे लगता है कि खतरे स्पष्ट हैं और यह सुनिश्चित करने में हम सभी का हित है कि हमारे पास उनसे निपटने के साधन हों।’ ब्लिंकन ने पाकिस्तान के विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी से बातचीत करने के एक दिन बाद कहा कि अमेरिका अपने मित्रों को अपने मतभेद कूटनीति, संवाद के जरिये हल करने के लिए प्रेरित करता है।

Foreign Minister S Jaishankar
Image Source : INDIA TVForeign Minister S Jaishankar

अलग-अलग तरह का साझेदार बताया

जो बाइडेन प्रशासन ने सोमवार को कहा कि वह भारत और पाकिस्तान दोनों से अपने संबंधों के एक नजरिये से नहीं देखते, दोनों अलग-अलग तरह से अमेरिका के साझेदार हैं। बाइडेन प्रशासन ने यह बात अमेरिका आए विदेश मंत्री एस. जयशंकर के उस बयान के एक दिन बाद कही है, जिसमें उन्होंने पाकिस्तान को नवीनतम अमेरिकी एफ-16 सुरक्षा सहायता देने के अमेरिका के फैसले को लेकर सवाल उठाए थे। जयशंकर ने अमेरिका के इस तर्क पर सवाल उठाया था कि एफ-16 लड़ाकू विमानों के रखरखाव से संबंधित पाकिस्तान को दिया जाने वाला पैकेज आतंकवाद से लड़ने के लिए है।

जयशंकर ने कहा था कि हर कोई जानता है कि एफ-16 लड़ाकू विमानों का इस्तेमाल कहां और किसके खिलाफ किया जाता है। भारतीय-अमेरिकियों के साथ बातचीत के दौरान एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, 'आप ये बातें कहकर किसी को मूर्ख नहीं बना रहे हैं।' विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नेड प्राइस ने अपने दैनिक संवाददाता सम्मेलन में कहा, 'हम पाकिस्तान और भारत के साथ अपने संबंधों को एक नजरिए से नहीं देखते। दोनों अलग-अलग तरह से हमारे साझेदार हैं।' उन्होंने कहा, 'हम दोनों को साझेदार के रूप में देखते हैं, क्योंकि कई मामलों में हमारे साझा मूल्य हैं। हमारे कई मामलों में साझा हित हैं। और भारत के साथ हमारे संबंध अलग हैं। पाकिस्तान के साथ हमारे रिश्ते अपनी जगह हैं।'

उल्लेखनीय है कि इस महीने की शुरुआत में अमेरिका के राष्ट्रपति जो. बाइडन के प्रशासन ने पाकिस्तान को सैन्य सहायता देने पर रोक लगाने से संबंधित पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व वाले प्रशासन के फैसले को बदलते हुए पाकिस्तान को एफ-16 लड़ाकू विमानों के वास्ते 45 करोड़ डॉलर की मदद देने की मंजूरी दी थी। ट्रंप प्रशासन ने यह रोक कथित तौर पर अफगान तालिबान और हक्कानी नेटवर्क को सुरक्षित पनाहगाह मुहैया कराने के लिए लगाई थी। प्राइस ने एक सवाल के जवाब में कहा, 'हम यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास करना चाहते हैं कि इन दोनों पड़ोसियों के संबंध यथासंभव रचनात्मक हों।'

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