नॉर्थ कोडोरस: अमेरिका के दक्षिणी पेन्सिलवेनिया के नॉर्थ कोडोरस टाउनशिप में बुधवार को ताबड़तोड़ फायरिंग की घटना में 3 पुलिस अधिकारियों की मौत से खलबली मच गई है। लोग इस घटना के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। पेन्सिलवेनिया की सड़क पर घटना के बाद देर रात तक इकट्ठा हुए लोग विरोध प्रदर्शन करते देखे गए।
क्यों हुई गोलीबारी
पुलिस की प्रथम सूचना के अनुसार एक घरेलू विवाद की जांच करने पहुंची पुलिस के ऊपर यह फायरिंग की गई। इस दौरान हुई गोलीबारी की घटना में तीन पुलिस अधिकारियों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए हमलावर को मौके पर ही ढेर कर दिया।
घरेलू विवाद सुलझाने गई थी पुलिस
यह घटना फिलाडेल्फिया से लगभग 185 किलोमीटर पश्चिम में और मैरीलैंड सीमा के पास स्थित इलाके में घटी। पुलिस अधिकारियों की एक टीम घरेलू विवाद से जुड़े मामले की जांच करने के लिए घटनास्थल पर पहुंची थी, तभी उन पर अचानक गोलियां चलाई गईं। स्थानीय अधिकारियों और राज्य प्रशासन ने इस दुखद घटना की पुष्टि की है। हालांकि अब तक हमलावर और मृत पुलिसकर्मियों की पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है। साथ ही यह भी स्पष्ट नहीं किया गया है कि किस परिस्थिति में गोलीबारी शुरू हुई और अधिकारियों को कैसे निशाना बनाया गया।
पेन्सिलवेनिया के गवर्नर ने जारी किया बयान
इस सनसनीखेज घटना के बाद पेन्सिलवेनिया के गवर्नर जोश शापिरो ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए कहा, "हम उन तीन बहादुर अधिकारियों की मौत पर गहरा शोक व्यक्त करते हैं, जिन्होंने इस काउंटी और देश की सेवा करते हुए अपने प्राण गंवाए। यह एक गहरी क्षति है।" उन्होंने आगे कहा, "इस तरह की हिंसा किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है। हमें एक समाज के रूप में और बेहतर करने की ज़रूरत है।"
घटना के बाद सुरक्षा सख्त
घटना के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है और मामले की विस्तृत जांच की जा रही है। एफबीआई और अन्य संघीय एजेंसियों को भी जांच में शामिल किया गया है, ताकि इस घटना के पीछे के कारणों को समझा जा सके। स्थानीय समुदाय और पुलिस विभाग में शोक की लहर दौड़ गई है। मृतक अधिकारियों को जल्द ही सम्मान के साथ श्रद्धांजलि दी जाएगी। घायलों का इलाज स्थानीय अस्पताल में चल रहा है, जिनमें से एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। यह घटना अमेरिका में बढ़ती घरेलू हिंसा और पुलिस पर हमलों की घटनाओं की एक और कड़ी बनकर सामने आई है, जिसने कानून-व्यवस्था और पुलिस सुरक्षा पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। (PTI)
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