1. Hindi News
  2. बिहार
  3. सीतामढ़ी में बागमती नदी में पलटी 40 यात्रियों से भरी नाव, मची चीख-पुकार, हादसे का VIDEO आया सामने

सीतामढ़ी में बागमती नदी में पलटी 40 यात्रियों से भरी नाव, मची चीख-पुकार, हादसे का VIDEO आया सामने

 Written By: Niraj Kumar @nirajkavikumar1
 Published : Jul 19, 2026 07:07 pm IST,  Updated : Jul 19, 2026 07:07 pm IST

खड़का घाट पर रविवार को उस समय चीख पुकार मच गई जब 40 यात्रियों को ले जा रही नाव असंतुलित होकर बागमती नदी में पलट गई। इस हादसे का एक वीडियो भी सामने आया है।

boat capasize- India TV Hindi
बागमती ने डूबी नाव Image Source : REPORTER INPUT

सीतामढ़ी: सीतामढ़ी जिले के रुन्नीसैदपुर प्रखंड स्थित बागमती नदी के खड़का घाट पर रविवार को बड़ा नाव हादसा होते-होते टल गया। क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाने के कारण नदी के बीच नाव असंतुलित होकर पलट गई। नाव पर करीब 40 यात्री सवार थे। इस घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें नाव पलटने के बाद नदी में अफरा-तफरी और यात्रियों को बचाने के प्रयास दिखाई दे रहे हैं। राहत की बात यह रही कि स्थानीय लोगों की तत्परता से सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और किसी के डूबने या हताहत होने की सूचना नहीं है।

नाव पर क्षमता से ज्यादा यात्री सवार

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक नाव पर क्षमता से ज्यादा यात्री सवार थे। जैसे ही नाव नदी के तट से आगे बढ़ी ओवरलोड होने के कारण उसका संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई। नाव के पलटते ही यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। सभी नदी में डूबने से बचने के लिए हाथ-पांव चलाने लगे और बचाने की गुहार करने लगी। इस बीच नदी किनारे मौजूद ग्रामीण और आसपास के लोग तुरंत बचाव के काम में जुट गए। कई लोगों ने बिना देर किए नदी में छलांग लगाकर यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। स्थानीय लोगों की त्वरित कार्रवाई के चलते एक बड़ा हादसा टल गया।

ओवरलोडिंग के चलते बड़े हादसे का खतरा

राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी के डूबने या हताहत होने की सूचना नहीं है। स्थानीय लोगों का कहना है कि खड़का घाट से प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग नाव के सहारे आवागमन करते हैं, लेकिन यहां पर्याप्त क्षमता वाली सुरक्षित नाव की व्यवस्था नहीं है। इसके बावजूद अक्सर ओवरलोडिंग कर नाव चलाई जाती है, जिससे हर दिन बड़े हादसे का खतरा बना रहता है। यात्रियों की जान जोखिम में बने रहने की आशंका रहती है।

ओवरलोडिंग पर सख्त कार्रवाई करने की मांग 

घटना के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से खड़का घाट पर बड़ी एवं सुरक्षित नाव उपलब्ध कराने, नाव संचालन की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने और ओवरलोडिंग पर सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में बड़ा हादसा हो सकता है। इस घटना ने एक बार फिर नदी घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था और नाव संचालन की निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

बता दें कि इससे पहले पिछले महीने 9 जून को सुपौल जिले के सरायगढ़ स्थित बनैनिया घाट पर कोसी नदी में एक नाव पलट गई थी।  नाव में सवार करीब 20 से 25 लोग नदी पार कर खेतों में काम करने जा रहे थे। इसी दौरान क्षमता से अधिक यात्रियों के सवार होने के कारण नाव असंतुलित हो गई और दुर्घटनाग्रस्त होकर डूब गई। (रिपोर्ट-सौरभ, सीतामढ़ी)

ये भी पढ़ें:

बिहार में दर्दनाक हादसा: गंगा घाट पर सुबह-सुबह डूब गई 14 लोगों को ले जा रही नाव

 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। बिहार से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।