नई दिल्ली: कोरोना वायरस को देखते हुए लगाए गए लॉकडाउन के दौरान सरकारी आदेशों का उल्लंघन करने पर 5,103 लोगों को बुधवार को हिरासत में लिया गया और 180 से अधिक मामले दर्ज किए गए। दिल्ली पुलिस द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, शाम पांच बजे तक भारतीय दंड संहिता की धारा 188 के तहत 183 मामले दर्ज किए गए थे। पुलिस के अनुसार धारा 65 के तहत कुल 5,103 लोगों को हिरासत में लिया गया है वहीं 956 वाहनों को दिल्ली पुलिस कानून की धारा 66 के तहत जब्त किया गया है।
बता दें कि कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए देशभर में 21 दिन का लॉकडाउन लागू कर दिया गया है। ऐसे में इसका कड़ाई से पालन किया जा रहा है। लेकिन, सभी जरूरी चीजों की सप्लाई जारी है। दिल्ली में लॉकडाउन के दौरान जरूरी सामान (Essential items) की सप्लाई के लिए ई-पास (e-pass) सिस्टम शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसका ऐलान किया।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा, "लॉकडाउन के दौरान जरूरी सामानों की सप्लाई में कोई कमी न आए, इसलिए हम ई-पास का सिस्टम शुरू कर रहे हैं। व्हाट्सएप (WhatsApp) पर ही आपके पास यह ई-पास आजाएगा।" अरविंद केजरीवाल ने कहा, "जो लोग जरूरी सेवाओं से जुड़े हुए हैं उन सब लोगों को हम पास देंगे, जिनके पास ID है वो ID का इस्तेमाल करें। बाकी जिनके पास ID नहीं है वो ई-पास का इस्तेमाल करें।"
उन्होंने कहा, "लोगों को अपनी स्थानीय किराने की दुकानों तक जाने के लिए किसी पास की आवश्यकता नहीं है। आप अपनी स्थानीय किराना दुकानों से सब्जियां, दवाइयां, दूध और अन्य चीजें खरीद सकते हैं।" मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले 24 घंटे में दिल्ली में 5 नए केस सामने आए हैं। अब दिल्ली में कोरोना वायरस के कु 35 मामले हो गए हैं।
अरविंद केजरीवाल ने कहा, "कुछ इलाके के मकान मालिक डॉक्टर और नर्सों को घर से निकलने की धमकी दे रहे हैं उनका कहना है कि वो 24 घंटे कोरोना मरीजों के साथ रहते हैं तो इनसे हमें भी कोरोना हो जाएगा। ऐसा बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा क्योंकि यही डॉक्टर्स हमारी जिंदगी बचा रहे हैं।