
kerala temple
मंदिर में मातम पर सवाल-
बिना मंजूरी आतिशबाजी का आयोजन क्यों किया गया ?
आतिशबाजी की इजाजत नहीं थी तो पुलिस ने रोका क्यों नहीं ?
आयोजन स्थल आग को बुझाने के उपकरण मौजूद क्यों नहीं थे ?
आतिशबाजी वाली जगह के करीब इतनी भीड़ क्यों जाने दी गई ?
राज्य के मुख्यमंत्री ओमान चांडी ने इस अग्निकांड की न्यायिक जांच के आदेश दे दिए हैं जिसके बाद ये साफ हो जाएगा कि किसकी लापरवाही से ये हादसा हुआ जिसमें 100 से ज्यादा लोग बेवजह मारे गए। मंदिर के हुए हादसे के गुनहगार कौन हैं इसका पता तो 6 महीने बाद चलेगा जब जांच की रिपोर्ट आएगी लेकिन फिलहाल मरने वालों के घरवालों को केंद्र सरकार ने 2-2 लाख रुपए मुआवजे का ऐलान कर दिया है।