नई दिल्ली: राजस्थान के उदयपुर में एडीएम (एडीशनल डायरेक्टर माइनिंग) को ढाई करोड़ रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है। छापेमारी के दौरान उदयपुर में एडीएम के साथ साथ दो अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया गया। इन दो अन्य लोगों के घर से नकदी बरामद की गई है। पुलिस फिलहाल मामले की गहनता से जांच कर रही है। जानकारी के मुताबिक एसीबी डायरेक्टर जनरल नवदीप सिंह के नेतृत्व में ही छापेमारी की योजना बनाई गई थी।
क्या था मामला-
जानकारी के मुताबिक एडीशनल डायरेक्टर माइनिंग पंकज गहलोत माइन अलॉटमेंट कर रहे थे। एसीबी नवदीप सिंह को जानकारी मिली थी कि पंकज अलॉटमेंट के लिए रिश्वत की मांग कर रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक उन्होंने एक कारोबारी से 20 करोड़ रुपए की मांग की थी। इस तय डील के हिसाब से उन्हें बतौर पहली किश्त के रुप में बुधवार को 2.5 करोड़ रुपए मिलने थे। वहीं एसीबी को इसकी भनक लग गई थी और उन्होंने योजना बनाकर छापेमारी को अंजाम दे दिया। आपको बता दें कि एसीबी डायरेक्टर जनरल नवदीप सिंह ने पंकज को ऑफिस में ही रिश्वत लेते गिरफ्तार किया। इस पूरे मामले में 10 अलग अलग टीमें छानबीन कर रही हैं। वहीं माइनिंग विभाग का माइनिंग माफियाओं पर बीते एक साल से कोई भी कड़ी कार्रवाई न करना भी कई सवाल खड़े करता है। गौरतलब है कि माइनिंग विभाग ने साल की शुरुआत में वसूली के लिए 4 हजार करोड़ का लक्ष्य निर्धारित किया था। हालांकि बाद में इसे घटाकर 3400 करोड़ कर दिया गया।