नई दिल्ली: नासिक कुंभ मेला इन दिनों शाही स्नान को लेकर नहीं बल्कि कंडोम और शराब को लेकर चर्चा में आ गया है। पहले खबर आई कि मेले का आयोजन करने वाली अथॉरिटी लगभग साढ़े पांच लाख कंडोम नासिक भेज रही है और अब खबरें आ रहीं हैं कि नासिक कुंभ की वजह से वाइन की बिक्री एकएक आसमान को छूने लगी है।
आमतौर पर मॉनसून सीजन शराब की बिक्री के लिए कमजोर माना जाता है, लेकिन इस बार स्थिति अलग है। इसे देखते हुए शराब का दुकान चलाने वाले दुकानदारों ने रेट्स बढ़ा दिए हैं और वाइन टूरिजम का जमकर प्रचार किया जा रहा है।
देश की सबसे बड़ी वाइनमेकर्स में शामिल सुला विनयर्ड्स के एसोसिएट वाइस प्रेजिडेंट (हॉस्पिटैलिटी) मोनित धवले ने कहा, 'कुंभ के दौरान एक करोड़ लोगों के आने की उम्मीद है। हर व्यक्ति पवित्र डुबकी लगाने नहीं आता। बहुत से पर्यटक माहौल का आनंद लेने के लिए आते हैं और वे शहर के आसपास सभी जगहों को देखना चाहते हैं।'
नासिक के त्रम्बकेश्वर में प्रत्येक 12 वर्षों में लगने वाला सिंहस्थ कुंभ मेला 14 जुलाई को शुरू हुआ था और यह 25 सितंबर को समाप्त होगा। इस दौरान देश और विदेश से लगभग एक करोड़ लोगों के यहां आने और गोदावरी नदी में पवित्र डुबकी लगाने की उम्मीद है।
सुला विनयर्ड्स का रिजॉर्ट अगस्त और सितंबर में 'शाही स्नान' (पवित्र डुबकी के लिए सबसे शुभ दिन) के करीब पूरी तरह बुक हो चुका है। कंपनी कुंभ के दौरान मेहमानों को नासिक के पवित्र स्थानों के टूर की पेशकश कर रही है। धवले ने बताया, 'गंगा मंदिर जैसे कुछ स्थान केवल 12 वर्षों में एक बार कुंभ मेला के दौरान खुलते हैं।'