नई दिल्ली: सीबीआई के तत्कालीन डीआईजी और दिल्ली के पूर्व कमिश्नर नीरज कुमार भारत के मोस्ट वांटेड गैंगस्टर दाऊद इब्राहिम के आत्मसमर्पण के दावे से पलट गए हैं। और उन्होंने अंग्रेजी अखबार के दावे को खारिज करते हुए कहा की उन्होंने कभी दाऊद के आत्मसमर्पण नहीं की।
नीरज कुमर ने इंडिया टावी को बताया कि मैंने किसी अख़बार को कोई इंटरव्यू नहीं दिया।
इससे पहले एक अंग्रेजी अख़बार ने, नीरज कुमार के हवाले से खुलासा करते हुए कहा था कि देश का मोस्टवांटेड और 1993 के मुंबई सीरियल धमाकों में अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम ने आत्मसमर्पण करना तय कर लिया था, मगर सीबीआई के शीर्ष अफसरों ने ऐसा नहीं होने दिया।
दाऊद इब्राहिम के आत्मसमर्पण के दावे का खंडन तत्कालीन सीबीआई निदेशक विजय रामा राव ने भी किया है। उन्होंने कहा कि, 'दाऊद ने सरेंडर की कोई पेशकश नहीं की थी।’ उन्होंने कहा कि दाऊद के सरेंडर के ऑफर को इनकार करने की बात सोची भी नहीं जा सकती।
इस बीच केंद्रीय विदेश राज्यमंत्री जनरल (रि) वीके सिंह ने कहा है कि यदि यह सच्चाई पूर्व दिल्ली पुलिस कमिश्नर को इतने पहले से मालूम थी, तो अपने कार्यकाल के दौरान ही उन्हें यह जानकारी देनी चाहिए थी।
एक अंग्रेजी अखबार को दिए इंटरव्यू में सीबीआई के पूर्व डीआईजी नीरज कुमार ने बताया थी कि उन्होंने दाऊद से कहा कि सीबीआई उसकी सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी लेगी। मगर वह बात आगे बढ़ाते इससे पहले ही सीबीआई के शीर्ष अधिकारियों ने उन्हें रोक दिया।