नई दिल्ली: एक ताजा सर्वे के मुताबिक पिछले साल सरकार बनने के बाद पीएम नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता में इजाफा हुआ है। प्यू (पीईडब्ल्यू) के जारी सर्वेक्षण के अनुसार पिछले साल भारत में एनडीए सरकार के सत्ता में आने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता रेटिंग में तेजी से इजाफा हुआ है।
प्यू ने छह अप्रैल से 19 मई, 2015 तक भारत में 2452 लोगों के बीच कराए गए अपने सर्वेक्षण के परिणामों में कहा कि मोदी ने अपनी नीतियों और शासन से न केवल देश में भारतीयों का गौरव बढ़ाया है, बल्कि उनकी लोकप्रियता की रेटिंग उछलकर 87 फीसदी हो गई है और परंपरागत कांग्रेसी आधार वाले स्थानों से भी उन्हें समर्थन मिल रहा है।
गुजरात में आरक्षण के मुद्दे को लेकर शुरू हुए आंदोलन के चलते पिछले महीने भड़की हिंसा से पहले कराए गए सर्वेक्षण में कहा गया कि लेकिन अविश्वास बना हुआ है। शायद इसलिए क्योंकि बीजेपी के शासनकाल में 2015 के पहले पांच महीने में सांप्रदायिक हिंसा की घटनाओं में 2014 की इसी अवधि की तुलना में करीब एक चौथाई का इजाफा हुआ है।
2014 में उस समय कांग्रेस की सरकार थी। घरेलू मुद्दों में मोदी को सबसे कम स्वीकृति सांप्रदायिक संबंधों यानी बहुसंख्यक हिंदुओं और अल्पसंख्यक मुस्लिमों, जैनों, सिखों और ईसाइयों आदि के बीच दिन प्रतिदिन के संवाद तथा देश में अनेक जातियों के बीच रिश्तों पर उनके प्रबंधन को लेकर मिली है।
प्यू ने एक बयान में कहा कि हालांकि मोदी ने भारत की परंपरागत दलीय राजनीति को आगे बढ़ाया है। प्रधानमंत्री और उनकी पार्टी को देश के सामने मौजूद अधिकतर चुनौतियों पर बीजेपी के समर्थकों के साथ साथ विपक्षी कांग्रेसी के समर्थकों से भी समर्थन मिल रहा है।