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राघव चड्ढा ने संसद में उठाया मोबाइल रिचार्ज का मुद्दा, 12 महीने में 13 बार रिचार्ज क्यों? OTP, इनकमिंग कॉल भी नहीं आते

 Edited By: Mangal Yadav @MangalyYadav
 Published : Mar 11, 2026 06:10 pm IST,  Updated : Mar 11, 2026 06:16 pm IST

राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने भारत के प्रीपेड मोबाइल यूज़र्स के रिचार्ज का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि टेलीकॉम कंपनियां मनमानी कर रही हैं। यूजर्स को साल भर में 13 बार रिचार्ज करना पड़ता है।

राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा - India TV Hindi
राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा Image Source : PTI

नई दिल्लीः आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने बुधवार को संसद में मोबाइल रिचार्ज का मुद्दा उठाया। राघव चड्ढा ने प्रीपेड रिचार्ज खत्म होने पर इनकमिंग कॉल ब्लॉक करने के लिए टेलीकॉम कंपनियों की आलोचना की। उन्होंने रेगुलेटर्स से कंज्यूमर्स की सुरक्षा करने की अपील की। सांसद ने कहा कि वैलिडिटी खत्म होने के बाद भी यूज़र्स को कॉल मिलनी चाहिए। इस बात से टेलीकॉम पॉलिसी पर बहस छिड़ गई है।

रिचार्ज प्लान एक्सपायर के बाद इनकमिंग कॉल्स क्यों बंद

सांसद राघव चड्ढा ने कहा कि अगर कोई रिचार्ज प्लान एक्सपायर हो जाता है तो आउटगोइंग कॉल्स बंद होना समझ में आता है। लेकिन इनकमिंग कॉल्स भी क्यों बंद कर दी जाती हैं? एक बार वैलिडिटी खत्म हो जाने पर लोगों से संपर्क नहीं हो पाता है और बैंक OTP जैसे ज़रूरी मैसेज भी नहीं आ पाते हैं। इमरजेंसी या अर्जेंट सिचुएशन में इससे कोई व्यक्ति पूरी तरह से कट सकता है।

राघव चड्ढा ने की सरकार से मांग

राघव चड्ढा ने कहा कि मेरी सरकार से मांग है कि आखिरी रिचार्ज के बाद कम से कम एक साल तक इनकमिंग कॉल्स और SMS आते रहें ताकि ज़रूरी कम्युनिकेशन बंद न हो। दूसरी मांग यह है कि आखिरी रिचार्ज के बाद कम से कम तीन साल तक मोबाइल नंबर डीएक्टिवेट नहीं किया जाना चाहिए। टेलीकॉम ऑपरेटर्स को उन यूज़र्स के लिए कम कीमत वाला “सिर्फ़ इनकमिंग” प्लान लाना चाहिए, जिन्हें सिर्फ़ ज़रूरी कॉल्स, OTPs और सरकारी सर्विस के लिए अपना नंबर एक्टिव रखना होता है।

आम आदमी पार्टी के सांसद ने कहा कि मैंने 28 दिन के रिचार्ज “मंथली” प्लान्स का भी मुद्दा उठाया। अगर किसी चीज़ को मंथली कहा जाता है तो उसे 30-31 दिनों के कैलेंडर महीने के हिसाब से होना चाहिए। 28 दिन के साइकल की वजह से कंज्यूमर को असल में एक साल में 13 रिचार्ज के लिए पेमेंट करना पड़ता है। (28 दिन × 13 रिचार्ज = 364 दिन)

रिचार्ज प्लान को लेकर कही ये बात

टेलीकॉम ऑपरेटर्स को अपने रिचार्ज प्लान को असली कैलेंडर महीनों के साथ सिंक करना चाहिए, न कि 28 दिन के प्लान के साथ। आज मोबाइल फोन कोई लग्ज़री नहीं है। यह एक लाइफलाइन है। प्रीपेड रिचार्ज कस्टमर फेयरनेस और ट्रांसपेरेंसी के हकदार हैं। चालाकी भरी छोटी-मोटी बातें नहीं। उन्होंने कहा कि मैंने भारत के प्रीपेड रिचार्ज कस्टमर से जुड़ी चिंताएं उठाईं, जो देश के 125 करोड़ मोबाइल यूज़र्स में से लगभग 90% हैं।

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